

नागपुर दीक्षाभूमि परिसर से तीन दिनों में 144 टन कचरा हटाया गया।
स्वच्छता के लिए 872 सफाईकर्मी और 234 कचरा संकलनकर्ता तैनात रहे।
कचरा परिवहन के लिए 108 वाहनों का इस्तेमाल किया गया।
‘आपली बस’ से 18 से 20 अक्टूबर के बीच 58,084 यात्रियों ने सफर किया।
अनुयायियों के लिए 21 आश्रय डोम, 1,200 से अधिक शौचालय और 120 पेयजल नल लगाए गए।
Nagpur Deekshabhumi 70th Dhammachakra Pravartan Din Garbage Management: नागपुर में 70वें धम्मचक्र प्रवर्तन दिन के दौरान महानगरपालिका ने दीक्षाभूमि परिसर से तीन दिनों में 144 टन कचरे का निपटारा किया। स्वच्छता के लिए 872 सफाईकर्मी और 108 वाहन तैनात रहे। वहीं, 18 से 20 अक्टूबर के बीच ‘आपली बस’ से 58,084 अनुयायियों ने यात्रा की।
नागपुर शहर, 70वें धम्मचक्र प्रवर्तन दिन के अवसर पर दीक्षाभूमि में पहुंचे लाखों अनुयायियों की सुविधा और स्वच्छता के लिए नागपुर महानगरपालिका की ओर से व्यापक व्यवस्था की गई। मनपा के घनकचरा प्रबंधन विभाग के कर्मचारियों ने तीन दिनों तक लगातार काम करते हुए दीक्षाभूमि परिसर से कुल 144 टन कचरे का निपटारा किया।
इसके अलावा अंबाझरी, बेझनबाग और ऊंटखाना क्षेत्रों में सात विशेष स्वच्छता अभियान चलाए गए। इन अभियानों के जरिए आसपास के परिसरों को साफ-सुथरा रखने का प्रयास किया गया।
दीक्षाभूमि और आसपास के क्षेत्रों में स्वच्छता बनाए रखने के लिए तीन पारियों में 872 सफाईकर्मी और 234 कचरा संकलनकर्ता तैनात किए गए थे। कचरा जमा करने के लिए 190 कचरा पेटियां रखी गईं। इसके साथ तीन सक्शन मशीनों और तीन अन्य विशेष मशीनों का उपयोग किया गया।
कचरे को एकत्रित कर उसके परिवहन के लिए 108 वाहनों की मदद ली गई। अंतिम निस्तारण के लिए भांडेवाड़ी में चार कॉम्पैक्टर तैनात किए गए थे।
अनुयायियों की आवाजाही आसान बनाने के लिए मनपा के परिवहन विभाग ने दीक्षाभूमि से ड्रैगन पैलेस, चिचोली शांतिवन और शहर के अन्य हिस्सों के लिए ‘आपली बस’ की विशेष सेवा शुरू की थी।
18 से 20 अक्टूबर के बीच कुल 58,084 यात्रियों ने इस सेवा का लाभ लिया। इसके लिए 267 बसें तैनात की गई थीं। 20 अक्टूबर को धम्मचक्र प्रवर्तन दिन के मुख्य अवसर पर अकेले ड्रैगन पैलेस के लिए 145 बसों के माध्यम से 41,175 अनुयायियों ने यात्रा की।
दीक्षाभूमि परिसर आने वाले अनुयायियों के विश्राम के लिए मनपा ने 21 आश्रय डोम बनाए थे। स्वच्छता और सुविधा के लिए 1,200 से अधिक शौचालय स्थापित किए गए और उन्हें सीधे सीवर लाइनों से जोड़ा गया। पेयजल के लिए सड़कों पर 120 नल लगाए गए, जबकि प्रत्येक आश्रय केंद्र में पीने के पानी की अलग व्यवस्था की गई।
सुरक्षा व्यवस्था में पुलिस विभाग की मदद के लिए मनपा ने 44 स्थायी और 16 अस्थायी सीसीटीवी कैमरे भी उपलब्ध कराए। इन व्यवस्थाओं के जरिए आयोजन के दौरान स्वच्छता, परिवहन, पेयजल और सुरक्षा संबंधी सुविधाएं उपलब्ध कराने पर जोर दिया गया।