नागपुर में बाघ की मौत से सनसनी, एनटीसीए प्रोटोकॉल के तहत कार्रवाई; वन विभाग में मचा हड़कंप

Nagpur Male Tiger Dead: दक्षिण उमरेड वन परिक्षेत्र के चनोडा में एक नर बाघ मृत मिला। सूचना के बाद वन विभाग ने जांच शुरू की और एनटीसीए के दिशा-निर्देशों के अनुसार पोस्टमार्टम कर अंतिम संस्कार किया।
Tiger's death in Nagpur sparks sensation; action taken under NTCA protocols; stir within the Forest Department.
बाघ की मौत, उमरेड वन क्षेत्र,(सोर्स: नवभारत फाइल फोटो)
Published on
Updated on

Nagpur Umred Forest Range Tiger Death: नागपुर जिले के दक्षिण उमरेड वन परिक्षेत्र के नांद्रा उप वनक्षेत्र अंतर्गत चनोडा में शनिवार की सुबह एक नर बाघ के मृत अवस्था में मिलने से वन विभाग में हड़कंप मच गया। स्थानीय ग्रामीणों से सूचना मिलने के बाद वनकर्मियों ने मौके पर पहुंचकर जांच की।

वन विभाग को वन कक्ष क्रमांक 364 पीएफ से लगे एक नाले में बाघ का शव पड़ा मिला। घटना की जानकारी तत्काल वरिष्ठ वन अधिकारियों को दी गई, जिसके बाद राष्ट्रीय व्याघ्र संरक्षण प्राधिकरण (एनटीसीए) की मानक कार्यप्रणाली के अनुसार कार्रवाई शुरू की गई।

मृत बाघ का एनटीसीए दिशा-निर्देशों के तहत पोस्टमार्टम, जांच जारी

अधिकारियों ने घटनास्थल और आसपास के क्षेत्र की गहन जांच भी की। मृत बाघ को वन परिक्षेत्र कार्यालय परिसर में लाकर एनटीसीए के दिशानिर्देशों के अनुसार उसका पोस्टमार्टम किया गया। इस दौरान वन विभाग और पशु चिकित्सा विभाग के वरिष्ठ अधिकारी तथा एनटीसीए के प्रतिनिधि मौजूद रहे। पोस्टमार्टम की प्रक्रिया वनसंरक्षक जी गुरुप्रसाद, उपवनसंरक्षक डॉ. विनीता व्यास, सहायक धनविजय, वन परिक्षेत्र अधिकारी विवेक आंबटकर सहित विशेषज्ञ पशु चिकित्सकों की टीम की उपस्थिति में पूरी की गई। इसके पश्चात वाघ के शव का अंतिम संस्कार किया गया।

जांच के लिए भेजे गए नमूने

प्राथमिक जांच में बाध के सभी अंग जिनमें खाल, नाखून, दांत, टांगे, पुछ, मूंछे आदि शामिल है, पूरी तरह सुरक्षित पाए गए, इससे शिकार या अंगों की तस्करी की आशंका नहीं जताई गई।

वन विभाग के अनुसार मृत बाध नर था और उसकी आयु लगभग 5-6 वर्ष थी, घटनास्थल से फॉरेंसिक जांच के लिए विभिन्न नमूने एकत्र किए गए। बाध की मौत का वास्तविक कारण पोस्टमार्टम और फॉरेंसिक रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com