

Maharashtra Weather Forecast: महाराष्ट्र की आर्थिक राजधानी मुंबई और इसके आसपास के इलाकों में रहने वालों के लिए गर्मी से फिलहाल कोई राहत मिलती नजर नहीं आ रही है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) की ताजा रिपोर्ट के मुताबिक, अगले 24 घंटों में मुंबई शहर और उपनगरीय क्षेत्रों में आसमान पूरी तरह साफ रहेगा। इसका सीधा मतलब है कि सूरज की किरणें सीधे तौर पर तपिश बढ़ाएंगी।
हालांकि, मुंबई के लिए सबसे बड़ी चुनौती तापमान से ज्यादा उमस (Humidity) है। समुद्री नमी के कारण लोगों को चिपचिपी गर्मी का सामना करना पड़ सकता है। IMD के अनुसार, अधिकतम तापमान 31°C और न्यूनतम तापमान 23°C के आसपास रहने का अनुमान है। तटीय क्षेत्रों के निवासियों को सलाह दी गई है कि वे दोपहर 12 बजे से 4 बजे के बीच सीधे धूप के संपर्क में आने से बचें और हाइड्रेटेड रहें।
एक तरफ जहां मुंबई तप रही है, वहीं महाराष्ट्र के पूर्वी हिस्से यानी विदर्भ में मौसम करवट लेने वाला है। मौसम विभाग की 7 अप्रैल 2026 की रिपोर्ट के अनुसार, विदर्भ के अधिकांश जिलों में अगले 5 दिनों तक मौसम साफ रहेगा, लेकिन 8 और 9 अप्रैल को कुछ जिलों में मौसम की गतिविधियों में बड़ा बदलाव देखा जा सकता है।
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, बंगाल की खाड़ी से आने वाली नमी और स्थानीय वायुमंडलीय दबाव में बदलाव के कारण नागपुर, अमरावती और चंद्रपुर में प्री-मानसून गतिविधियां सक्रिय हो सकती हैं। विशेष रूप से चंद्रपुर और गड़चिरोली जिलों में गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना जताई गई है।
अप्रैल का महीना होने के कारण पूरे महाराष्ट्र में तापमान धीरे-धीरे बढ़ रहा है, लेकिन राहत की बात यह है कि अभी किसी 'हीटवेव' (Heatwave) की आधिकारिक चेतावनी जारी नहीं की गई है। विदर्भ में संभावित बारिश के चलते तापमान में 2-3 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की जा सकती है। यह गिरावट स्थानीय लोगों को चिलचिलाती धूप से अस्थाई राहत प्रदान करेगी। विशेषज्ञों का कहना है कि यह प्री-मानसून शॉवर्स किसानों के लिए मिश्रित संकेत हो सकते हैं, इसलिए तैयार फसलों की सुरक्षा के लिए एहतियात बरतने की जरूरत है।