लोको पायलट और ट्रेन मैनेजरों का प्रदर्शन, लाइन बॉक्स को लेकर विवाद

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नागपुर. सेंट्रल रेलवे मजदूर संघ रनिंग शाखा के आह्वान पर लोको पायलट और ट्रेन मैनेजरों (गार्ड) ने शुक्रवार को अपनी समस्याओं को लेकर मध्य रेल डीआरएम ऑफिस के समक्ष प्रशासन के तुगलकी फरमान के विरोध में प्रदर्शन किया.

मंडल अध्यक्ष वीरेंद्र सिंह ने बताया कि सीनियर डीओएम के आदेशानुसार 1 अगस्त से ट्रेन मैनेजर के लाइन बॉक्स बंद किए जा रहे हैं. लाइन बॉक्स की जगह ट्रॉली बैग खरीदने का आदेश जारी किया है. जब से रेलवे अस्तित्व में आई है तबसे ट्रेन मैनेजर (गार्ड) की लाइन बॉक्स की व्यवस्था है. लाइन बॉक्स में रेलवे के कार्य से संबंधित सामग्री तथा संरक्षा उपकरण रहते हैं.

लाइन बॉक्स बंद करना यात्री संरक्षा से खिलवाड़ है. ट्रेन मैनेजर जब ड्यूटी पर जाते हैं तो उनके पास उनका खुद का एक बैग होता है जिसमें 2-3 दिनों तक रनिंग रूम में उपयोग होने वाली सामग्री होती है. साथ में 4-5 लीटर पानी का बॉटल बैग होता है. सभी को मालूम है इंसान को केवल दो हाथ होते हैं. बिना तीसरे हाथ के तीसरा बैग उठाना संभव नहीं है. शायद रेलवे के अधिकारी को यह पता नहीं है, इसलिए नया आदेश जारी किया गया है. सभी लोगों ने निर्णय लिया है कि बिना लाइन बॉक्स के कार्य नहीं करेंगे. हम ट्रेन मैनेजर हैं, कुली नहीं.

प्रदर्शनकारियों को मंडल सचिव सीपी सिंह, पूर्व मंडल सचिव जीएम शर्मा, मंडल संगठक राकेश कुमार, शाखा सचिव ओपी शर्मा, उपाध्यक्ष एसके दत्ता, जीबी बारीक, एके मोरे, इंद्रराज ने संबोधित किया. मंच संचालन मंडल को-ऑडिनेटेर बीएस ताकसांडे ने किया. इस मौके पर पीएन तांती, केपी सिंह, सुनील कटियार, संजय जोशी, नरेंद्र पांडे, धर्मेंद्र व्यास, धनराज आलोक, रवि प्रकाश, राजेश कुमार, प्रशांत तंत्र पाले, संग्राम सिंह आदि मौजूद थे.

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