आधा साल सोए रहे अधिकारी? मानसून से पहले जागा नागपुर प्रशासन; फ्रीडम पार्क रोड बंद होने पर सवाल

Nagpur Road Construction: नागपुर में मानसून से ठीक पहले फ्रीडम पार्क रोड को निर्माण कार्य के लिए बंद कर दिया गया है। सड़क मरम्मत में हुई देरी को लेकर नागरिक प्रशासन पर सवाल उठा रहे हैं।
Did officials sleep for half the year? Nagpur administration wakes up ahead of the monsoon; questions raised over the closure of Freedom Park Road.
नागपुर सड़क निर्माण, फ्रीडम पार्क रोड,(सोर्स: सोशल मीडिया)
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Nagpur Freedom Park Road Monsoon Preparations: नागपुर जिले में मानसून की दस्तक से ठीक पहले प्रशासन को सड़क निर्माण और मरम्मत कार्यों की याद आई है। इसके चलते फ्रीडम पार्क रोड को यातायात के लिए बंद कर दिया गया है। हैरानी की बात यह कि बारिश शुरू होने के कुछ ही दिन पहले सड़क निर्माण का कार्य प्रारंभ किया जा रहा है, जिससे नागरिकों में नाराजगी बढ़ रही है।

गर्मियों के दौरान जिम्मेदार अधिकारी गहरी नींद में थे। अब उन्हें निर्माण कार्य की याद आयी है। लोगों के मन में सवाल है कि आखिर विकास की ये कैसी कार्यप्रणाली का उपयोग किया जा रहा है। लगभग आधा साल बीत गया लेकिन निर्माण कार्य की अनदेखी की गई।

मानसून से पहले सड़क निर्माण पर उठे सवाल

अब जब मानसून सिर पर है तब निर्माण कार्य शुरू कर दिया गया है। इससे न केवल यातायात प्रभावित हो रहा है, बल्कि बारिश के दौरान निर्माण की गुणवत्ता पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। शहरवासियों सवाल है कि यदि यह कार्य इतना आवश्यक था तो इसे गर्मी के मौसम में क्यों का जीरो माइल फ्रीडम पार्क नहीं किया गया? मानसून के ठीक पहले सड़क बंद कर निर्माण शुरू करना प्रशासनिक योजना पर गंभीर प्रश्नचिह्न खड़ा करता है। लांग कट लेने को चालक मजबूर निर्माण कार्य के कारण मार्ग को यातायात के लिए बंद कर दिया गया है। सड़क बंद होने से वाहन चालकों को अपने गंतव्य तक पहुंचने के लिए लंबा चक्कर लगाना पड़ रहा है, जिससे समय और ईंधन दोनों की अतिरिक्त खपत हो रही है। इस कारण सैकड़ों चालकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। लोगों को यह चिंता सता रही है कि यदि काम में देरी हुई तो लंबे समय तक इस समस्या से जूझना पड़ेगा।

बारिश को ठहराएंगे लेटलतीफी का जिम्मेदार

बरसात के मौसम में सड़क निर्माण कार्य तकनीकी दृष्टि से चुनौतीपूर्ण होता है। ऐसे में जल्दबाजी में किए गए कार्य की गुणवत्ता प्रभावित होने की आशंका रहती है। अक्सर बारिश के दौरान निर्माण कार्यों को रोक दिया जाता है। इस कारण कई प्रोजेक्ट और कार्य लेटलतीफी का शिकार हो जाते हैं। जीरो माइल्स पर भी इस स्थिति का खतरा मंडरा रहा है। ऐसे में अधिकारियों द्वारा लेटलतीफी के लिए बारिश को जिम्मेदार ठहराया जाएगा। नागरिकों ने प्रशासन से निर्माण कार्य की समय सीमा स्पष्ट करने तथा वैकल्पिक यातायात व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है।

सीताबर्डी रोड पर बढ़ा ट्रैफिक लोड

फ्रीडम पार्क रोड शहर के प्रमुख मार्गों में से एक है। इसके बंद होने से आसपास की सड़कों पर खासकर सीताबर्डी रोड पर ट्रैफिक लोड काफी बढ़ गया है।

बता दे कि फ्रीडम पार्क मेट्रो स्टेशन से इंस्टीट्यूट ऑफ साइंस कॉलेज की ओर जाने वाले वाहन चालक बाएं मुडकर वेरायटी चौक पहुंचेंगे तथा वहां से दाएं मुड़कर महाराजबाग चौक मार्ग से अपने गंतव्य तक जा सकेंगे।

इंस्टीट्यूट ऑफ साइंस कॉलेज से फ्रीडम पार्क मेट्रो स्टेशन की ओर जाने वाले वाहन महाराजबाग चौक से बाएं मुड़कर वेरायटी चौक मार्ग से जा सकेंगे। सीताबर्डी रोड पर रोजाना ही जाम की स्थिति रहती है। ऐसे में मार्ग पर अतिरिक्त ट्रैफिक लोड बढ़ने से यातायात पूरी तरह से ठप हो गया है।

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