IAS अधिकारी के निलंबन पर सरकार का यू-टर्न, विधानसभा अध्यक्ष ने दिए निर्देश, मंत्री की नाराजगी पड़ी थी भारी

Maharashtra News: महाराष्ट्र विधानसभा अध्यक्ष राहुल नार्वेकर ने IAS अधिकारी एम. देवेंद्र सिंह का निलंबन रद्द करने का निर्देश दिया है। मंत्री पंकजा मुंडे की बैठक में न आने पर उन पर कार्रवाई हुई थी।
Maharashtra IAS officer M Devendra Singh's suspension revoked Pankaja Munde MPCB News
महाराष्ट्र विधानसभा अध्यक्ष राहुल नार्वेकर (सोर्स: सोशल मीडिया)
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IAS M Devender Singh Suspension Revoked: महाराष्ट्र विधानसभा अध्यक्ष राहुल नार्वेकर ने राज्य सरकार को महाराष्ट्र प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (एमपीसीबी) के सदस्य सचिव एम. देवेंद्र सिंह और इसके एक अन्य अधिकारी का निलंबन रद्द करने का निर्देश दिया है। भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) अधिकारी एम. देवेंद्र सिंह और संयुक्त निदेशक सतीश पडवाल को 27 फरवरी को निलंबित कर दिया गया था।

मंत्री के आदेश का उलंघन किए जाने के आरोप में निलंबित किए गए आईएएस अधिकारी एम देवेंद्र सिंह का निलंबन वापस लिए जाने का निर्णय राज्य विधानसभा में लिया गया। राज्य की पर्यावरण मंत्री पंकजा मुंडे द्वारा बुलाई गई एक बैठक में शामिल न होने पर IAS अधिकारी एम देवेंद्र सिंह को विधानसभा के निर्देश पर ही सस्पेंड कर दिया गया था।

मंत्री चंद्रकांत पाटिल रखा निलंबन वापस लेने का प्रस्ताव

सोमवार को अचानक विधानसभा में ही कैबिनेट मंत्री चंद्रकांत पाटिल ने एम देवेंद्र सिंह का माफीनामा प्रस्तुत करते हुए विधानसभा अध्यक्ष से उनका निलंबन वापस लिए जाने का प्रस्ताव रखा। इस पर विधानसभा अध्यक्ष राहुल नार्वेकर के निर्देश पर मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि आईएएस अधिकारी एम देवेंद्र सिंह का निलंबन वापस लिया जाएगा।

क्या था मामला ?

10 दिन पहले महाराष्ट्र विधानसभा में इसी सत्र दौरान पर्यावरण मंत्री पंकजा मुंडे से चंद्रपुर में बढ़ते प्रदूषण को लेकर सवाल पूछे गए थे। उस पर मंत्री ने बताया कि उन्होंने संबंधित अधिकारियों की बैठक बुलाई थी ताकि पूरी जानकारी लेकर सदन में जवाब दे सकें, लेकिन महाराष्ट्र प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (MPCB) के सदस्य सचिव एम देवेंद्र सिंह तथा जॉइंट डायरेक्टर सतीश पडवल बैठक में नहीं पहुंचे।

पंकजा मुंडे ने उस समय कहा कि रिमाइंडर के बावजूद आईएएस अधिकारी ने आने से इनकार किया। उस पर प्रो-टेम स्पीकर दिलीप लांडे ने इसे ‘गंभीर लापरवाही’ और ‘विधानमंडल का अपमान’ बताया और तुरंत कार्रवाई के निर्देश दिए। इसके बाद सरकार ने अखिल भारतीय सेवा (अनुशासन एवं अपील) नियम, 1969 के तहत 2011 बैच के IAS अधिकारी एम.देवेंद्र को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया। इस मामले को राज्य सरकार के मंत्री व नौकरशाही के बीच अधिकारों को लेकर टकराव से जोड़ा गया। एम देवेंद्र सिंह की विभागीय जांच भी शुरू की गई। इस घटना से राज्य के अन्य आईएएस अधिकारी भी नाराज बताए गए।

बहाली के बाद क्या होगा?

अब 10 दिनों में ही आईएएस अधिकारी अधिकारी के निलंबन की वापसी को लेकर सरकार के यू टर्न की चर्चा शुरू हो गई है। चर्चा है कि आईएएस अधिकारी की अनुशासनहीनता के खिलाफ सदन में नाराज होने वाली पर्यावरण मंत्री पंकजा मुंडे को भी इस मामले में विश्वास में लिए वगैर निलंबन वापसी की प्रक्रिया पेश की गई। एम देवेंद्र सिंह के लिखित बयान का पत्र चंद्रकांत पाटिल ने विधानसभा में पेश किया और नरमी बरतते हुए अध्यक्ष राहुल नार्वेकर ने उनकी बहाली के निर्देश भी सरकार को दे दिया। अब देखना होगा कि एम देवेंद्र सिंह महाराष्ट्र प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (MPCB) के सदस्य सचिव पद पर बरकरार रहते हैं या उनका तबादला किया जा सकता है।

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