

Maharashtra Government New Rules 1 August: महाराष्ट्र की महायुति सरकार ने प्रशासनिक कामकाज को अधिक सुरक्षित, पारदर्शी और आधुनिक बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण फैसला लिया है। सरकार ने राज्य के सभी महत्वपूर्ण और संवेदनशील सरकारी दस्तावेजों को जारी करने की प्रक्रिया में आमूल-चूल बदलाव किया है। नए आदेश के मुताबिक, अब ऐसे सभी सरकारी दस्तावेजों के लिए डिजिटल सिग्नेचर सर्टिफिकेट (DSC) या ई-साइन (e-Sign) का उपयोग पूरी तरह से अनिवार्य कर दिया गया है।
राज्य सरकार द्वारा जारी किए जाने वाले सभी शासन निर्णय (GR), परिपत्र (Circulars), अधिसूचनाएं, वित्तीय स्वीकृति पत्र और अन्य संवेदनशील दस्तावेज अब पारंपरिक हस्ताक्षरों के बजाय केवल और केवल डिजिटल हस्ताक्षर के माध्यम से ही जारी किए जाएंगे। सरकार का यह नया नियम 1 अगस्त से पूरे राज्य में लागू होने जा रहा है।
महाराष्ट्र सरकार के इलेक्ट्रॉनिक्स, सूचना प्रौद्योगिकी एवं कृत्रिम बुद्धिमत्ता विभाग ने इस संबंध में शासन परिपत्र जारी किया है। परिपत्र में कहा गया है कि नागरिकों के अधिकारों, संपत्ति, वित्तीय लेन-देन तथा विभिन्न सरकारी निर्णयों से जुड़े दस्तावेजों की विश्वसनीयता, सुरक्षा, सत्यापन और दीर्घकालीन संरक्षण सुनिश्चित करने के उद्देश्य से यह निर्णय लिया गया है।
राज्य सरकार ने सभी सरकारी विभागों को निर्देश दिए हैं कि वे अपनी वेबसाइटों, सेवा पोर्टलों और कंप्यूटरीकृत प्रणालियों में आवश्यक तकनीकी सुधार 31 जुलाई तक पूरे कर लें। 1 अगस्त से संबंधित सभी दस्तावेजों के लिए डीएससी या ई-साइन का उपयोग अनिवार्य होगा। सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि अत्यंत अपवादात्मक परिस्थितियों को छोड़कर हस्तलिखित हस्ताक्षर वाले दस्तावेज स्वीकार नहीं किए जाएंगे।
नए नियम के तहत निम्नलिखित दस्तावेज केवल डिजिटल हस्ताक्षर के माध्यम से जारी किए जाएंगे।