

Maharashtra Farm Loan Waiver CIBIL Score: मौसम विभाग ने इस वर्ष अल-नीनो के प्रभाव के कारण औसत से कम बारिश का अनुमान लगाया है। इस महासंकट की आहट को संज्ञान में लेते हुए मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने प्रशासन को स्थिति से निपटने के लिए तैयार रहने का आदेश दिया है।
उन्होंने संबंधित अधिकारियों को जलयुक्त शिवार योजना के कामों को जल्द से जल्द पूरा करने की हिदायत दी है। इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने किसानों को राहत देते हुए कृषि कर्ज के लिए सिबिल स्कोर की शर्त पूरी तरह से रद्द करने का निर्देश बैंकों को दिया है। उन्होंने आश्वस्त किया है कि 30 जून से पहले किसानों के कर्ज माफ कर दिए जाएंगे।
मुंबई के सह्याद्री गेस्ट हाउस में गुरुवार को सीएम की अध्यक्षता में राज्य स्तरीय खरीफ सीजन से पहले समीक्षा बैठक हुई। इसमें कृषि मंत्री दत्तात्रेय भरणे, राजस्व मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले, राज्य स्तरीय बैंकर्स कमेटी के सदस्य और अन्य अधिकारी मौजूद थे।
इसके बाद प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने बताया कि इस साल अल नीनो की वजह से कम बारिश और वैश्विक हालात की वजह से फर्टिलाइजर की प्लानिंग जैसी दो चुनौतियां हैं। लेकिन दोनों स्थितियों से निपटने के लिए कारगर योजना बनाई जाएगी।
मौसम विभाग ने अनुमान लगाया है कि औसत बारिश 88 प्रतिशत होगी। पश्चिमी विदर्भ और मराठवाड़ा और उत्तरी महाराष्ट्र के कुछ हिस्सों में ज्यादा बारिश होगी। महाराष्ट्र में सबसे ज्यादा खरीफ सीजन होता है।
राज्य में 152 लाख हेक्टेयर खरीफ रकबा है। इस साल शुरुआती अनुमान है कि जून में ज्यादा, जुलाई में कम और अगस्त में कम बारिश होगी। इस वजह से बारिश में गैप आने की संभावना है, जिससे फसल पर असर पड़ेगा।
सीएम ने बताया कि ज्यादा से ज्यादा किसानों को लोन मिल सके, इसके लिए योजना बनाई गई है। जिला सहकारी और ग्रामीण बैंक 67% जबकि राष्ट्रीय बैंक 26% फीसदी किसानों को लोन देते हैं। उनका टारगेट 80 प्रतिशत है। उन्हें 80 फीसदी से ऊपर का लक्ष्य पूरा करना चाहिए।
सीएम फडणवीस ने कहा है कि राज्य को 20.16 लाख मीट्रिक टन बीज की जरूरत है, लेकिन हमारे पास 28 लाख मीट्रिक टन बीज उपलब्ध है। सोयाबीन, कपास, अरहर, मक्का, चावल, बाजरा आदि का पर्याप्त भंडारण है। सभी बीज सर्टिफाइड हों, यह सुनिश्चित करने के लिए साथी पोर्टल बनाया गया है। सिर्फ साथी पोर्टल पर पंजीकृत बीज ही खरीदे जाएं, जिससे धोखाधड़ी नहीं होगी।
फर्टिलाइजर आपूर्ति पर रहेगी नजर सीएम ने भरोसा दिलाया कि सरकार फर्टिलाइजर की आपूर्ति पर नजर रखेगी ताकि उसे इंडस्ट्रियल सेक्टर की ओर डायवर्ट न किया जा सके। वैश्विक स्थितियों की वजह से फर्टिलाइजर उत्पादन पर अधिक दबाव पड़ेगा। महाविस्तार ऐप के जरिए किसानों को कई मदद मिलेंगी।
मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार 30 जून से पहले किसानों का कर्ज माफ कर देगी। किसान अगले साल के लिए लोन लेने के लिए पात्र रहेंगे। यदि सरकारी पैसा जमा नहीं होता है, तो भी सूची जारी होने के बाद किसानों को लोन देने का निर्देश बैंकों को दिया गया है। बैंक इस पर सहमत हो गए हैं। सभी बैंकों को किसानों के सिबिल स्कोर रद्द करने का निर्देश दिया गया है।