ओशिविरा में कचरे से तैयार किया गया गार्डन

BMC Garden
Published on
Updated on

मुंबई : कोरोना (Corona) में स्वच्छ हवा और पर्यावरण का महत्व बढ़ गया है। बीएमसी (BMC) ने इसे ध्यान में रखते हुए मुंबई (Mumbai) में अधिक से अधिक गार्डन (Garden) विकसित करने पर जोर दिया है। बीएमसी ने ओशविरा (Oshiwara) में 2,600 वर्ग मीटर का गार्डन बनाया है। जिसमें  फेके गए कचरे (Garbage) में पौधों को उपजाया कर गार्डन को सुशोभित किया गया है। गार्डन में प्लास्टिक की बोतलों, प्लास्टिक केन का उपयोग कर आकर्षक रंग-बिरंगा बनाया गया है जो की पर्यटकों को पसंद आ रहे है।

बीमसी की तरफ से विभिन्न स्थानों पर गार्डन बनाये जा रहे हैं। ओशिविरा में 2,600 वर्ग मीटर का गार्डन  बनाया गया है। इस गार्डेन में वरिष्ठ नागरिकों के साथ-साथ बच्चों के लिए भी विभिन्न सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। गार्डन को शोभनीय बनाने के लिए कचरे से सौंदर्यता को निखारा गया है। 

कोई अतिरिक्त लागत नहीं  लगी 

वर्तमान में हर दिन करीब 500 पर्यटक वहां आते हैं। गार्डन में कार्यरत कर्मचारियों ने पुराने टायर, प्लास्टिक की बोतलें, गिरे हुए पेड़ के तने आदि की आकर्षक कलाकृतियां बनाई हैं। जिस पर महानगरपालिका  कोई अतिरिक्त लागत नहीं  लगी है। पार्क के कर्मचारियों ने गैरेज सहित अन्य स्थानों से प्राप्त किए गए कचरे का उचित उपयोग किया है। बीएमसी के पश्चिम वार्ड के सहायक आयुक्त पृथ्वीराज चौहान ने कहा कि इस गार्डन का निर्माण का निर्माण नो प्रॉफिट नो लॉस' पर किया गया है। महानगरपालिका का इस गार्डन के निर्माण पर महानगरपालिका कोई खर्च नहीं हुआ है। इसी तरह एफ उत्तर विभाग में कई स्थानों को अनुपयुक्त कचरे से सजावट की गई है जो देखने में बेहद खूबसूरत लगता है। 

प्रायोगिक आधार पर इसका निर्माण 

मनपा गार्डन विभाग के अधीक्षक जितेंद्र परदेशी ने कहा कि प्रायोगिक आधार पर इसका निर्माण किया गया है यह प्रयोग सफल होने के बाद शहर के अन्य पार्कों के विकास में भी लागू किया जाएगा। ओशिवरा गार्डन का निर्माण अभी तक पूरा नहीं हो पाया है इसलिए कोई नाम नहीं दिया गया है।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com