

Devendra Fadnavis Delhi Move Clarification: मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने दिल्ली की राजनीति में जाने की अटकलों पर एक बार फिर पूर्ण विराम लगा दिया है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि 2029 तक उनके महाराष्ट्र में ही रहने की संभावना है। फडणवीस ने कहा कि मेरे नेता मुझे 2029 तक महाराष्ट्र में ही रखेंगे। पार्टी और नेता जिस दिन तय करेंगे, उस दिन जरूर दिल्ली जाऊंगा। हालांकि आज मेरा मानना है कि 2029 तक मैं दिल्ली नहीं जाऊंगा।
फडणवीस ने कहा कि पिछले कुछ समय से उन्हें दिल्ली भेजे जाने की खबरें लगातार सामने आती रहती हैं। उन्होंने मजाकिया अंदाज में कहा कि कुछ लोगों को लगता है कि दिल्ली जाने से उनका प्रमोशन होगा, जबकि कुछ लोग ऐसे भी हैं जिन्हें लगता है कि उनके दिल्ली जाने से उनके सिर से एक बला टल जाएगी। उन्होंने कहा कि हर दो-तीन महीने में कभी खबर नहीं मिलने पर, तो कभी नई खबर बनाने के लिए उन्हें दिल्ली भेज दिया जाता है।
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से जब उद्धव ठाकरे, संजय राऊत, रोहित पवार, हर्षवर्धन सपकाल, राहुल गांधी और सुधीर मुनगंटीवार में सबसे तीखा विरोधी चुनने को कहा गया तो उन्होंने कहा कि सुधीर मुनगंटीवार उनके विरोधी नहीं, बल्कि मित्र और सहयोगी हैं। बाकी नेताओं में से भी किसी को वे अपना विरोधी नहीं मानते। विपक्षी नेताओं पर निशाना साधते हुए कहा कि ये नेता 'पेपर टाइगर' हैं और उनका विरोध मुख्य रूप से मीडिया तथा अखबारों तक सीमित है। केवल बयानबाजी या नया राजनीतिक
नैरेटिव तैयार करने से प्रभावी विपक्ष की भूमिका नहीं निभाई जा सकती। विपक्ष को जनता के बीच जाकर अपनी बात रखनी चाहिए, सीएम ने तंज कसते हुए कहा कि उनका राजनीतिक डीएनए मूल रूप से विपक्ष का रहा है। इसलिए विपक्ष कैसे प्रभावी तरीके से काम करे और अपनी बात जनता तक कैसे पहुंचाए, इसकी जरूरत पड़ी तो वे इन नेताओं को सिखाने के लिए तैयार है। उन्होंने कहा कि विपक्षी दलों को कैसे काम करना चाहिए, यह वह निश्चित रूप से उन्हें सिखा सकते हैं।
सीएम फडणवीस ने महाराष्ट्र के विकास का रोडमैप भी सामने रखा, उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र । ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने के लक्ष्य के बेहद करीब पहुंच चुका है। राज्य की अर्थव्यवस्था फिलहाल करीब 660 अरब डॉलर की है।
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि कई राज्य 1 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने का सपना देख रहे है, लेकिन इस लक्ष्य के सबसे करीब महाराष्ट्र है। राज्य की मौजूदा विकास दर 8।8 प्रतिशत है। इसे लगातार बनाए रखते हुए और इसमें और सुधार करते हुए महाराष्ट्र 2030 तक 1 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बन सकता है।
महाराष्ट्र को अब 10 प्रतिशत से अधिक विकास दर हासिल करने की दिशा में आगे बढ़ना होगा। राज्य में बुनियादी ढांचे और आर्थिक गतिविधियों को गति देकर विकास दर को बनाए रखने पर सरकार का जोर है। हम यह विकास दर हासिल कर लेंगे।