चेंबूर स्कूल बस हादसे में BMC की बड़ी गाज; सब-इंजीनियर सस्पेंड, विभागीय जांच और कड़े एक्शन के आदेश

BMC Sub Engineer Suspended: चेंबूर में स्कूल बस पर पेड़ गिरने से 11 वर्षीय छात्र की मौत के मामले में बीएमसी का बड़ा एक्शन। लापरवाही बरतने के आरोप में सब-इंजीनियर अरुण मुंडे सस्पेंड, विभागीय जांच शुरू।
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चेंबूर स्कूल बस हादसे पर बीएमसी का आदेश (सोर्स: सोशल मीडिया)
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Chembur School Bus Accident BMC Suspends Sub Engineer: मुंबई के चेंबूर इलाके में एक स्कूल बस पर बड़ा पीपल का पेड़ गिरने से हुई 11 वर्षीय छात्र विहान श्रीवास्तव की मौत के मामले में बीएमसी ने कड़ी कार्रवाई की है। इस घटना में लापरवाही पाए जाने के बाद प्रशासन ने सड़क विभाग के एक अधिकारी को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।

यह हृदयविदारक घटना मंगलवार, 30 जून 2026 को दोपहर करीब 2:58 बजे चेंबूर (पूर्व) के रोड नंबर 11 पर डायमंड गार्डन के पास हुई। तिलकनगर स्थित यूनिवर्सल हाई स्कूल की बस उस समय 13 छात्रों को लेकर जा रही थी। तभी सड़क किनारे लगा एक भारी-भरकम पीपल का पेड़ अचानक जड़ समेत उखड़कर बस के बीचो-बीच गिर गया। बस की छत बुरी तरह पिचक गई, जिससे छात्र भीतर फंस गए।

स्थानीय लोगों और बचाव दल ने कड़ी मशक्कत के बाद बच्चों को बाहर निकाला, लेकिन गंभीर रूप से घायल विहान श्रीवास्तव ने शाम 4:23 बजे अस्पताल में दम तोड़ दिया। इस हादसे में 10 अन्य छात्र भी घायल हुए हैं, जिनमें से एक छात्र अभी भी आईसीयू में भर्ती है।

बीएमसी का आदेश और निलंबन

हादसे के बाद जनता में भारी आक्रोश को देखते हुए बीएमसी प्रशासन ने जांच के आदेश दिए थे। 1 जुलाई 2026 को जारी एक आधिकारिक आदेश के अनुसार, एम-वेस्ट विभाग के सब-इंजीनियर अरुण मुंडे को निलंबित कर दिया गया है। निलंबन पत्र में स्पष्ट किया गया है कि सड़क के पुनर्निर्माण कार्य के दौरान बरती गई लापरवाही के कारण पेड़ की जड़ें कमजोर हुई थीं, जिसके परिणामस्वरूप यह दुखद दुर्घटना हुई। मुंडे के खिलाफ अब विभागीय जांच भी शुरू कर दी गई है।

प्रशासनिक और राजनीतिक प्रतिक्रिया

घटना की जानकारी मिलते ही उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने मेयर रितू तावड़े से संपर्क कर पूरे मामले की जानकारी ली और घायलों के स्वास्थ्य का हाल जाना। मेसर रितू तावड़े ने निर्देश दिए हैं कि उन सभी अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए जिन्होंने नागरिकों की शिकायतों को नजरअंदाज किया। उन्होंने यह भी कहा कि मुंबई में 30-40 साल पुराने पेड़ों की अब वैज्ञानिक जांच की जाएगी ताकि यह पता चल सके कि कंक्रीटीकरण के कारण उनकी जड़ें कितनी कमजोर हुई हैं।

बीएमसी की प्री-मानसून तैयारियों की खुली पोल

हादसे ने बीएमसी की प्री-मानसून तैयारियों की पोल खोल दी है। आंकड़ों के अनुसार, शहर में अब भी 17,197 पेड़ों की छंटाई बाकी है। स्थानीय नागरिकों और अभिभावकों ने सवाल उठाया है कि क्या मासूम विहान की जान जाने के बाद ही प्रशासन अपनी नींद से जागेगा? फिलहाल, पुलिस और प्रशासन इस बात की भी जांच कर रहे हैं कि क्या ठेकेदार की लापरवाही ने भी इस घटना में भूमिका निभाई है।

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