

Amol Mitkari Meet DGP Sadanand Date: महाराष्ट्र की राजनीति में एक बार फिर भूचाल आ गया है। राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के नेता और विधान परिषद सदस्य (MLC) अमोल मिटकरी ने पूर्व उपमुख्यमंत्री अजित पवार विमान हादसे को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। मिटकरी ने आज महाराष्ट्र के DGP सदानंद दाते और IPS अधिकारी तेजस्विनी सातपुते से मुलाकात कर एक औपचारिक पत्र सौंपा, जिसमें उन्होंने इस पूरे मामले की नए सिरे से जांच की मांग की है।
अमोल मिटकरी ने जोर देकर कहा कि वह और उनके साथी छत्रपति शिवाजी महाराज, शाहू, फुले और आंबेडकर की विचारधाराओं के अनुयायी हैं। इसके अलावा, उन्होंने भोंदूबाबा अशोक खरात से जुड़े हालिया मामले के संबंध में एक औपचारिक पत्र भी सौंपा। मिटकरी ने बताया कि संबंधित अधिकारियों को तत्काल निर्देश जारी किए गए हैं, और जांच करने के आदेश दिए गए हैं। जांच में अघोरी पूजा के पहलू की भी पड़ताल की जाएगी।
अमोल मिटकरी ने अशोक खरात मामले की जांच के लिए नियुक्त SIT की प्रमुख तेजस्विनी सातपुते से भी मुलाकात की। यह जानकारी सोशल मीडिया पर साझा करते हुए मिटकरी ने लिखा कि इस मुलाकात के दौरान मैंने एक ज्ञापन सौंपा जिसमें भोंदूबाबा अशाेक खरात मामले से जुड़े कुछ सबूतों, संदिग्ध अघोरी अनुष्ठानों और जनता के मन में इस समय व्याप्त शंकाओं की जांच का अनुरोध किया। मैंने उम्मीद जताई कि इस पर सकारात्मक प्रतिक्रिया मिलेगी।
एनसीपी नेता अमोल मिटकरी ने कहा कि महाराष्ट्र की जनता के सामने सच्चाई आनी ही चाहिए। उन्होंने तर्क दिया कि यदि यह घटना महज एक दुर्घटना थी तो इसे स्पष्ट रूप से स्थापित किया जाना चाहिए और यदि इसके पीछे कोई साजिश है तो उसकी भी गहन जांच होनी चाहिए। उन्होंने आगे टिप्पणी की कि बाहरी लोगों में बारामती में घुसकर अघोरी पूजा करने की हिम्मत नहीं हो सकती।
अमोल मिटकरी ने आगे अजित दादा न्याय संघर्ष यात्रा शुरू करने की घोषणा की और कहा कि वह जल्द ही इस पहल के संबंध में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस करेंगे। उन्होंने इस मामले में CBI जांच की मांग करते हुए पत्राचार भी किया है। उन्होंने सुझाव दिया कि जांच के दौरान मनी लॉन्ड्रिंग या प्रवर्तन निदेशालय (ED) से जुड़े पहलू भी सामने आ सकते हैं।
उन्होंने कहा कि 27, 28 और 29 जनवरी के कॉल रिकॉर्ड की जांच करने से विमान हादसे से जुड़े नए तथ्य सामने आ सकते हैं। यह मांग काफी समय से जोर पकड़ रही है और अब NCP के नेता भी इस मांग में शामिल हो गए हैं। उन्होंने एक प्रासंगिक सवाल उठाया कि यदि खरात से संबंधित CCTV फुटेज के कई क्लिप बरामद कर लिए गए हैं, तो अजित दादा से संबंधित CCTV फुटेज अभी भी लापता क्यों है?