Amit Shah Mumbai Visit: केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने शहरी सहकारी बैंकों (यूसीबी) को बदलते बैंकिंग दौर के साथ खुद को तेजी से आधुनिक बनाने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि प्रतिस्पर्धा के इस दौर में वही बैंकिंग संस्थाएं आगे बढ़ेंगी, जो तकनीक, पारदर्शिता और आधुनिक ग्राहक सेवाओं को तेजी से अपनाएंगी।
मुंबई के फोर्ट इलाके में नेशनल अर्बन को-ऑपरेटिव फाइनेंस एंड डेवलपमेंट कॉरपोरेशन लिमिटेड (एनयूसीएफडीसी) के नए कार्यालय का उद्घाटन किया गया। इसके बाद बीएसई इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर में ‘सहकार नव क्रांति’ कार्यक्रम आयोजित हुआ।
कार्यक्रम में अमित शाह ने छोटे कर्जदारों को लेकर अपने अनुभव और आंकड़े साझा किए। उन्होंने कहा कि बड़े कारोबारियों की तुलना में छोटे कर्ज लेने वाले ग्राहक अधिक सुरक्षित और ईमानदार होते हैं। उनके अनुसार, छोटे कर्जदार आमतौर पर जानबूझकर ऋण नहीं चुकाने से नहीं बचते। गंभीर दुर्घटना या मृत्यु जैसी परिस्थितियों में ही कई बार कर्ज की अदायगी प्रभावित होती है।
अमित शाह ने अपने बैंक अध्यक्ष के रूप में काम करने के अनुभव का उल्लेख करते हुए कहा कि बिना गारंटी दिए गए 2.5 लाख रुपये तक के कर्ज की रिकवरी दर 99.78 प्रतिशत रही है। उन्होंने इस आंकड़े के जरिए छोटे कर्जदारों की ऋण चुकाने की क्षमता और विश्वसनीयता पर जोर दिया।
अमित शाह ने कहा कि शहरी सहकारी बैंकों के सामने बैंकिंग क्षेत्र में तेजी से हो रहे बदलाव के साथ तालमेल बैठाने की चुनौती है। ग्राहकों की बदलती जरूरतों को देखते हुए बैंकों को डिजिटल सेवाओं, आधुनिक तकनीक और पारदर्शी कार्यप्रणाली पर ध्यान देना होगा। उन्होंने कहा कि जो संस्थाएं समय के साथ खुद को बदलेंगी, वही प्रतिस्पर्धा में टिक पाएंगी।
‘सहकार नव क्रांति’ कार्यक्रम में महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे भी मौजूद रहे। एनयूसीएफडीसी का नया कार्यालय शहरी सहकारी बैंकिंग क्षेत्र को मजबूत करने और बदलते वित्तीय माहौल में सहकारी संस्थाओं को आधुनिक बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम के रूप में देखा जा रहा है।