

अंबादास दानवे ने चुनावी नतीजों को लेकर महायुति पर निशाना साधा।
अतिवृष्टि प्रभावित प्रत्येक किसान को कम से कम एक लाख रुपये देने की मांग की।
दीपावली से पहले सहायता राशि वितरित करने की अपील की।
शहर में हत्याओं, मादक पदार्थों के कारोबार और भूखंडों पर कब्जे को लेकर पुलिस पर सवाल उठाए।
Ambadas Danve Statement: छत्रपति संभाजीनगर महाराष्ट्र में चुनावी परिणामों के बाद राजनीतिक घमासान तेज हो गया है।
शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) के विधायक अंबादास दानवे ने महायुति की आलोचना करते हुए कहा कि सत्ता के अहंकार और जनता के साथ छल का जवाब मतदाताओं ने चुनाव में दिया है। उन्होंने भाजपा और एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना के गठबंधन पर भी निशाना साधा।
दानवे ने कहा कि अतिवृष्टि से प्रभावित किसानों को पांच हजार रुपये की सहायता देने की घोषणा पर्याप्त नहीं है। महाराष्ट्र सरकार की सहायता प्रक्रिया किसानों के साथ छलावा साबित हो सकती है।
उन्होंने मांग की कि प्रत्येक किसान को कम से कम एक लाख रुपये की सहायता दी जाए और शेष राशि दीपावली से पहले वितरित की जाए। उन्होंने आरोप लगाया कि नुकसान की शर्तों के कारण अनेक किसान सहायता से वंचित रह सकते हैं।
छत्रपति संभाजीनगर शहर में बढ़ती हत्याओं का मुद्दा उठाते हुए दानवे ने कहा कि अपराधियों में पुलिस का भय नहीं रह गया है। उन्होंने जांच में लापरवाही, मादक पदार्थों के अवैध कारोबार और भूखंडों पर कब्जे के मामलों में पुलिस की भूमिका पर सवाल उठाए। साथ ही, अवैध निर्माण और भूमाफिया के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की मांग की।
नागपुर में भाजपा की हार का उल्लेख करते हुए दानवे ने कहा कि सत्ता में रहने के बावजूद भाजपा को पराजय का सामना करना पड़ा। उन्होंने सोशल मीडिया के आधार पर नेताओं की लोकप्रियता तय करने पर भी सवाल उठाए। उनके अनुसार, केवल इंटरनेट पर प्रचार करने से किसी नेता की वास्तविक जनस्वीकृति साबित नहीं होती। दानवे ने शिंदे सरकार की योजनाओं और राज्य पर बढ़ते कर्ज को लेकर भी आलोचना की।