

Sanjay Shirsat On Petrol Diesel Price Hike: देश में पेट्रोल और डीजल की बढ़ती कीमतों को लेकर विपक्ष लगातार सरकार पर हमलावर है। विपक्षी दलों का आरोप है कि चुनाव खत्म होते ही सरकार ने आम जनता पर महंगाई का बोझ डाल दिया है। इन आरोपों पर कड़ा रुख अपनाते हुए महाराष्ट्र के कैबिनेट मंत्री और शिवसेना (शिंदे गुट) के वरिष्ठ नेता संजय शिरसाट ने विपक्ष को करारा जवाब दिया है।
संजय शिरसाट ने स्पष्ट किया कि ईंधन की कीमतों में मौजूदा वृद्धि का हालिया चुनावों से कोई लेना-देना नहीं है। उन्होंने कहा, ऐसा बिल्कुल नहीं है कि चुनाव के पश्चात दरों में बढ़ोतरी हुई है। यह सोचना पूरी तरह से गलत और भ्रामक है।
बढ़ती कीमतों के पीछे के असल कारणों पर प्रकाश डालते हुए मंत्री शिरसाट ने कहा कि वर्तमान में दुनिया के कई हिस्सों में युद्ध की स्थिति बनी हुई है। इस वैश्विक तनाव का सीधा असर अंतरराष्ट्रीय बाजार और कच्चे तेल (Crude Oil) की सप्लाई चेन पर पड़ा है। उन्होंने आगे कहा, फिलहाल दुनिया में जो युद्ध की स्थिति बनी हुई है, उसके कारण न केवल भारत में बल्कि पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्था में बड़े बदलाव आए हैं। इस वैश्विक संकट की वजह से आज हर देश महंगाई की मार झेल रहा है।
संजय शिरसाट ने विपक्ष पर जनता को गुमराह करने और संवेदनशील मुद्दों पर राजनीति करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि जब भी अंतरराष्ट्रीय कारणों से कीमतें बढ़ती हैं, विपक्ष उसे घरेलू राजनीति और चुनावों से जोड़कर देखने लगता है। भारत सरकार लगातार कोशिश कर रही है कि वैश्विक दबाव के बावजूद आम नागरिकों पर इसका कम से कम असर पड़े।
विशेषज्ञों का भी मानना है कि वैश्विक स्तर पर भू-राजनीतिक तनाव (Geopolitical Tensions) के कारण क्रूड ऑयल की कीमतें अस्थिर बनी हुई हैं, जिसका असर घरेलू बाजारों पर दिखना स्वाभाविक है। संजय शिरसाट के इस बयान ने अब इस मुद्दे को राजनीतिक गलियारों से निकालकर वैश्विक आर्थिक परिदृश्य की ओर मोड़ दिया है