

Sambhajinagar Sanjay Raut Shirsat clash: छत्रपति संभाजीनगर परभणी में यूबीटी गुट के मुस्लिम महापौर बनने के मुद्दे पर छिड़ी राजनीतिक विवाद ने अब तीखा रूप ले लिया है। पालकमंत्री संजय शिरसाट ने यूबीटी नेता सांसद संजय राऊत पर जोरदार प्रहार करते हुए कहा कि यदि बालासाहेब आज जीवित होते तो वे आपको बाहर का रास्ता दिखा देते और तब आपको शिवसेना का वास्तविक अर्थ समझ में आता। उनके इस बयान से राजनीतिक हलकों में हलचल तेज हो गई है।
गौरतलब है कि परभणी में मुस्लिम महापौर बनने पर मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के बयान की संजय राऊत ने आलोचना की थी। राऊत ने शिंदे पर टिप्पणी करते हुए तीखे शब्दों का प्रयोग किया था। इसी पर प्रतिक्रिया देते हुए शिरसाट ने कहा कि जिन लोगों को भाषा और मर्यादा का ज्ञान नहीं है वे हमें सीख देने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र की जनता और शिवसैनिक जानते हैं कि कौन क्या काम कर रहा है।
शिरसाट ने कहा कि किसी भी समुदाय से व्यक्तिगत विरोध नहीं है। मुस्लिम महापौर बनने पर आपति का प्रश्न नहीं है। लेकिन शिवसेना की स्थापना जिस मूल विचारधारा पर हुई थी उससे समझौता नहीं किया जाना चाहिए, उन्होंने आरोप लगाया कि अब राजनीतिक लाभ के लिए भूमिका बदली जा रही है।
पालकमंत्री संजय शिरसाट ने यह भी आरोप लगाया कि हिंदू मतों के विभाजन के बाद अन्य वर्गों के मत प्राप्त करने के उद्देश्य से यह रणनीति अपनाई जा रही है। उन्होंने कहा कि जो लोग हम पर आरोप लगाते थे वे अब स्वयं समझौते की राजनीति कर रहे हैं।
शिरसाट ने स्वास्थ्य मंत्रालय में कथित 35 हजार रुपये की रिश्वत लेते पकड़े गए कर्मचारी के मामले पर भी चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि यदि मंत्रालय में भी ऐसे प्रकरण सामने आ रहे हैं तो यह गंभीर विषय है।