

Chhatrapati Sambhajinagar Panchakki Banyan Tree: ऐतिहासिक पनचक्की परिसर में बुधवार दोपहर लगभग 3 बजे 500 वर्ष पुराने बरगद के पेड़ की एक विशाल शाखा मुख्य प्रवेश द्वार के समीप अचानक टूटकर गिर गई। सौभाग्य से उस समय वहां कोई पर्यटक या कर्मचारी मौजूद नहीं था, जिससे एक संभावित बड़ा हादसा टल गया। प्रशासन द्वारा एहतियातन परिसर में पर्यटकों का प्रवेश पहले ही बंद कर दिया गया था, जिसके कारण किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई।
महाराष्ट्र राज्य वक्फ मंडल के अधिकारियों के अनुसार, पिछले कुछ दिनों से बरगद के पेड़ की कमजोर शाखाओं तथा परिसर में बने मधुमक्खियों के बड़े छत्ते को लेकर सुरक्षा संबंधी चिंता बनी हुई थी। हाल ही में तेज हवाओं के कारण पेड़ की एक छोटी शाखा गिर गई थी, जिसके बाद किसी बड़ी दुर्घटना की आशंका को देखते हुए पर्यटकों का प्रवेश अस्थायी रूप से रोक दिया गया था।
अधिकारियों ने बताया कि पेड़ की आवश्यक छंटाई और जोखिमपूर्ण शाखाओं को हटाने के लिए नियमों के अनुसार मनपा को पत्र भेजा गया था। मनपा की ओर से स्थल का निरीक्षण भी किया गया था। वहीं, मधुमक्खियों के छत्ते को सुरक्षित तरीके से हटाने के लिए विशेषज्ञों की सहायता ली गई थी। मंगलवार रात धुआं कर मधुमक्खियों को हटाने का प्रयास किया गया था, लेकिन बुधवार सुबह वे दोबारा छत्ते पर लौट आई थीं।
परिसर में आने वाले पर्यटकों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए प्रशासन लगातार मधुमक्खियों के छत्ते को हटाने और पेड़ की खतरनाक शाखाओं की कटाई की प्रक्रिया में जुटा हुआ था। इसी कारण एहतियातन प्रवेश बंद रखा गया था।