

AIMIM Councilor Mateen Patel Arrested: नासिक के बहुचर्चित TCS यौन उत्पीड़न और जबरन धर्मांतरण मामले में पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई की है। नासिक पुलिस ने छत्रपति संभाजीनगर के AIMIM पार्षद मतीन पटेल को गिरफ्तार कर लिया है। मतीन पटेल पर इस मामले की मुख्य आरोपी निदा खान को पनाह देने का आरोप था। कोर्ट में लगातार हाजिर न होने की वजह से उनके खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी किया गया था, जिसके बाद नासिक पुलिस ने यह कदम उठाया।
नासिक TCS मामले में समन मिलने के बावजूद कोर्ट में पेश नहीं होने के कारण AIMIM पार्षद मतीन पटेल के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया गया था। इस पर कार्रवाई करते हुए नासिक शहर पुलिस ने छत्रपति संभाजीनगर में एक ऑपरेशन के दौरान उन्हें हिरासत में ले लिया।
मतीन पटेल पर नासिक टीसीएस धर्मांतरण मामले की आरोपी निदा खान को पनाह देने का आरोप है और इस मामले में उनसे पहले भी पूछताछ की जा चुकी है। कोर्ट के आदेश पर की गई इस गिरफ्तारी से जांच में नया मोड़ आने की उम्मीद है।
मार्च 2026 में नासिक स्थित IT कंपनी TCS की यूनिट में काम करने वाली महिला कर्मचारियों के साथ यौन उत्पीड़न और जबरन धर्म परिवर्तन के प्रयास का मामला सामने आया था। इस घटना के सामने आने के बाद कंपनी की HR निदा खान समेत कई आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था।
कंपनी के कर्मचारी रजा रफीक मेमन पर आरोप लगा था कि उसने पीड़िता पर अभद्र और यौन टिप्पणियां कीं, उसे गलत नीयत से छुआ और अपने धर्म को श्रेष्ठ बताते हुए पीड़िता के धर्म का अपमान किया। पुलिस जांच के अनुसार, अन्य आरोपियों ने भी मेमन की इन हरकतों का समर्थन किया था। घटना की गंभीरता को देखते हुए TCS ने आरोपी कर्मचारियों को निलंबित कर दिया था।
बता दें कि नासिक TCS जबरन धर्मांतरण मामला सामने आने के बाद इस केस की मुख्य आरोपी निदा खान फरार थी। निदा खान छत्रपति संभाजीनगर में AIMIM पार्षद मतीन पटेल के घर छिपी हुई थी। नासिक पुलिस ने उसे वहां से गिरफ्तार किया था। निदा का पनाह देने वाले पार्षद पर छत्रपति संभाजीनगर मनपा ने कार्रवाई करते हुए उनके घर और ऑफिस पर बुलडोजर चलाया था।
नासिक टीसीएस केस की आरोपी निदा खान को जुलाई में जमानत मिल चुकी है। वह गर्भवती है। अभी पिछले हफ्ते एक कोर्ट ने इनमें से 5 आरोपियों को जमानत दी थी। कोर्ट ने माना कि चार्जशीट दाखिल हो चुकी है और जांच लगभग पूरी हो चुकी है।
एडिशनल सेशन जज अमित विनायक खरकर ने 30 जुलाई को रजा रफीक मेमन, आसिफ आफताब अंसारी, शाहरुख हुसैन शौकत कुरैशी, शफी भिकन शेख और तौसीफ बिलाल अत्तार की जमानत अर्जी मंजूर की थी। उन्हें नासिक के मुंबई नाका पुलिस स्टेशन में दर्ज कई FIR के सिलसिले में जमानत दी गई।
फिलहाल SIT, नासिक TCS यूनिट में महिला कर्मचारियों के कथित शोषण, जबरन धर्म परिवर्तन की कोशिश, छेड़छाड़ और मानसिक उत्पीड़न, धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने के सिलसिले में दर्ज कुल 9 मामलों की जांच कर रही है। TCS ने नासिक दफ्तर में यौन उत्पीड़न में कथित तौर पर शामिल कर्मचारियों को सस्पेंड कर दिया है