

औरंगाबाद: औरंगाबाद ग्रामीण जिले से गुजरने वाले राजमार्ग पर दो लेन के बीच डाले गए डिवाइडर काटकर सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाते हुए एक कृत्रिम मोड़ सड़क बनाई जाती है और यदि मोटर चालक इस कृत्रिम मोड़ से अचानक मोड़ लेता है तो दुर्घटना की संभावना अधिक होती हैं। ऐसे में हाइवे के किनारे कुछ व्यापारियों ने अनाधिकृत तरीके से डिवाइडर (Divider) को बीच से काट दिए, ताकि ग्राहक आसानी से हाइवे (Highway) पर अपने प्रतिष्ठानों तक पहुंच सकें, जिससे हाइवे पर दुर्घटना की संभावना बढ़ जाती है। हाइवे के दो लेन के बीच डिवाइडर काट कर सड़कें बना रहें कारोबारियों को पुलिस अधीक्षक मनीष कलवानिया (Superintendent Manish Kalvania) ने गंभीरता से लेते हुए हाइवे प्रबंधन अधिकारी के माध्यम से अपराध दर्ज कराने की कार्रवाई शुरू कर दी हैं। जिससे समय रहते हाइवे पर होने वाले हादसों को रोका जा सकें।
पुलिस अधीक्षक के निर्देशानुसार अब तक जिले के कन्नड ग्रामीण, खुलताबाद, पाचोड, गंगापुर, करमाड इन 5 थाना क्षेत्र के 15 प्रतिष्ठानों के मालिक, होटल व्यवसायी, पेट्रोल पंप संचालक, फार्म हाउस मालिक, वाशिंग सेटर मालिकों के खिलाफ सार्वजनिक संपत्ति के नुकसान की रोकथाम अधिनियम 1984 के तहत अपराध दर्ज किए गए। जिसमें आर्थिक जुर्माने के साथ पांच साल तक की कैद की सजा का प्रस्ताव है।
पुलिस अधीक्षक मनीष कलवानिया ने अपील की है कि राजमार्ग के किनारे के व्यवसायी दो लेन के बीच के डिवाइडर को न काटें और सरकारी संपत्ति को नुकसान न पहुंचाएं और अपने लाभ के लिए एक कृत्रिम मोड़ सड़क न बनाएं। जिससे ऐसे टूटे हुए डिवाइडर हाइवे पर हादसों का कारण बनें, उन्होंने वाहनधारकों से अपील की कि वे यातायात नियमों का पालन कर वाहन चलाए। जानबूझकर इन नियमों का उल्लंघन करने वाले को बख्शा नहीं जाएगा। उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई होकर रहेगी।