

औरंगाबाद : राज्य आपराधिक जांच विभाग (सीआईडी) द्वारा हर महीने में राज्य के पुलिस स्टेशन (Police Station) की ओर से अद्यतन जानकारी सीसीटीएनएस (क्राइम एंड क्रिमिनल ट्रैकिंग नेटवर्क एंड सिस्टम) में भरकर राज्यस्तरीय जिलेवार प्रदर्शन की समीक्षा की जाती है। मार्च महीने के राज्यस्तरीय जायजा में 232 में से 217 अंक औरंगाबाद जिला ग्रामीण पुलिस ने पाकर राज्य में प्रथम स्थान पाया है। यवतमाल (Yavatmal) ने दूसरा और सिंधुदुर्ग ने तिसरा स्थान पाया है। विशेषकर, फरवरी महीने में भी औरंगाबाद ग्रामीण पुलिस ने यह सम्मान पाया था।
ग्रामीण पुलिस की इस बेहतर कार्य पर औरंगाबाद ग्रामीण के एसपी मनीष कलवानियां (SP Manish Kalwani) का अभिनंदन जारी है। जिले के सभी पुलिस थाने का कामकाज अद्यतन तकनीक का इस्तेमाल कर प्रभावी रुप से करने पर विशेष लक्ष्य केंद्रित करने के साथ ही नागरिकों को किसी प्रकार की असुविधा नहीं होगी, इसको लेकर एसपी मनीष कलवानियां और सीसीएीएनएस (CCANS) के नोडल अधिकारी (Nodal Officer) और अपर एसपी डॉ. बनसोड ने सभी पुलिस स्टेशन के प्रभारियों को मार्गदर्शन किया था।
यह प्रदर्शन सीसीटीएनएस कक्ष की पीएसआई मनीषा जोगदंड, पुलिस नाईक रफिक शेख (Police Naik Rafik Sheikh), सिपाही प्रमोद सालवे, सीता नायमने, वंदना घुसिंगे ने पूरी की।
राज्य आपराधिक जांच विभाग सीआईडी द्वारा सभी घटकों का सीसीटीएनएस (क्राइम एंड क्रिमिनल ट्रैकिंग नेटवर्क एंड सिस्टम) यानी अपराध और अपराधियों को ढूंढना और कनेक् शन प्रणाली के माध्यम से प्रथम जानकारी, अपराध की विस्तृत जानकारी घटनास्थल पंचनामा, गिरफ्तार आरोपी, जप्त संपत्तियां, आरोप पत्र, न्यायालय का परिणाम, कोर्ट अपील, गुमशुदा व्यक्ति, अज्ञात शव, संगठित अपराधियों की टोली, एनसी, गुमशुदा संपत्ति, प्रतिबंधात्मक कार्रवाई और जानकारी के 18 फार्म पुलिस स्तर पर तत्काल भरना जरुरी होता है।
साथ ही इसी प्रणाली के माध्यम से नागरिकों को ऑन लाईन विविध सुविधा उपलब्ध करायी गयी है। जिसमें ई-शिकायत, सभी प्रकार के परमिशन, नागरिकों के जारी किए गए सूचनाओं का पुलिस द्वारा जल्द गति से किए जानेवाला निपटारा की भी दाखिल राज्य स्तर पर ली जाती है। इस प्रणाली औरंगाबाद जिला ग्रामीण पुलिस ने बेहतर काम करते हुए लगातार दूसरी बार प्रथम स्थान पाया है।