

जलसंकट से निपटने के लिए 125.84 करोड़ रुपये का प्रारूप सरकार को भेजा
जिले के 739 गांवों में 2,219 उपाययोजनाएं प्रस्तावित
109 नल जलापूर्ति योजनाओं की तत्काल मरम्मत का प्रस्ताव
318 नए बोरवेल और 153 हैंडपंप बनाने की योजना
गंभीर जलकिल्लत में 579 निजी कुओं के अधिग्रहण का प्रस्ताव
Akola Water Crisis Water Supply Plan: अकोला जिले में आगामी गर्मी के दौरान संभावित जलसंकट से निपटने के लिए प्रशासन ने तैयारी शुरू कर दी है। अक्टूबर 2026 से जून 2027 के बीच पानी की कमी की आशंका को देखते हुए 125 करोड़ 84 लाख 4 हजार रुपये का कृति प्रारूप तैयार किया गया है। इसे आगे की मंजूरी के लिए राज्य सरकार के पास भेजा गया है।
इस योजना के तहत जिले के 739 गांवों में पानी की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए कुल 2,219 उपाययोजनाएं प्रस्तावित की गई हैं। प्रारूप पर जिलाधिकारी वर्षा मीना, जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी अनय नावंदर, भूजल सर्वेक्षण विभाग के वरिष्ठ भूवैज्ञानिक और ग्रामीण जलापूर्ति विभाग के कार्यकारी अभियंता के हस्ताक्षर हैं।
प्रस्ताव में ग्रामीण क्षेत्रों की 109 नल जलापूर्ति योजनाओं की तत्काल मरम्मत करने की योजना शामिल है। जरूरत वाले स्थानों पर 30 अस्थायी पूरक नल जलापूर्ति योजनाएं भी शुरू की जाएंगी।
इसके अलावा नए जलस्रोत तैयार करने के लिए 318 नए बोरवेल और 153 नए हैंडपंप बनाने का प्रस्ताव है। मौजूदा हैंडपंप और बोरवेल की मरम्मत के कार्य भी योजना में शामिल हैं, ताकि ग्रामीण क्षेत्रों में पानी की उपलब्धता बढ़ाई जा सके।
जलसंकट की स्थिति में अतिरिक्त पानी उपलब्ध कराने के लिए 72 सार्वजनिक कुओं का गहराइकरण और गाद निकालने का काम प्रस्तावित है। गंभीर किल्लत वाले क्षेत्रों में तत्काल पानी पहुंचाने के लिए 579 निजी कुओं के अधिग्रहण की योजना भी प्रारूप में शामिल है।
आवश्यकता पड़ने पर प्रभावित गांवों में टैंकरों से पानी उपलब्ध कराने पर भी जोर रहेगा। इन उपायों का उद्देश्य गर्मी के महीनों में ग्रामीण नागरिकों को पेयजल की समस्या से राहत देना है।
प्रस्तावित योजना में अकोला तहसील के 137 गांवों में 499 उपाययोजनाओं के लिए 68 करोड़ 26 लाख 45 हजार रुपये रखे गए हैं। बार्शीटाकली के 125 गांवों में 434 उपाययोजनाओं के लिए 13 करोड़ 75 लाख 86 हजार रुपये प्रस्तावित हैं।
बालापुर तहसील के 87 गांवों में 296 उपाययोजनाओं के लिए 10 करोड़ 11 लाख 98 हजार रुपये, पातुर के 89 गांवों में 279 उपाययोजनाओं के लिए 16 करोड़ 26 लाख 9 हजार रुपये और मुर्तिजापुर के 144 गांवों में 442 उपाययोजनाओं के लिए 10 करोड़ 66 लाख 28 हजार रुपये प्रस्तावित हैं।
अकोट तहसील के 83 गांवों में 139 उपाययोजनाओं के लिए 5 करोड़ 5 लाख 74 हजार रुपये, जबकि तेल्हारा के 74 गांवों में 130 उपाययोजनाओं के लिए 1 करोड़ 71 लाख 64 हजार रुपये का प्रावधान बताया गया है।
प्रस्तावित उपाययोजनाओं पर काम शुरू होने के लिए राज्य सरकार की मंजूरी जरूरी होगी। स्वीकृति मिलने के बाद ही इनके क्रियान्वयन की प्रक्रिया आगे बढ़ सकेगी।