

Bansagar Dam Gate Open : शहडोल जिले में लगातार हो रही बारिश और कैचमेंट क्षेत्र में सक्रिय वर्षा के चलते बाणसागर बांध का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। बांध का जलाशय करीब 99 प्रतिशत भर जाने के बाद जल प्रबंधन और सुरक्षा की दृष्टि से बांध के रेडियल गेट खोल दिए गए हैं। वर्तमान में स्पिलवे के माध्यम से करीब 2454 क्यूमेक पानी सोन नदी में छोड़ा जा रहा है। बांध प्रबंधन जलस्तर की स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है।
जानकारी के अनुसार, बाणसागर बांध के कैचमेंट क्षेत्र में लगातार बारिश होने से अपस्ट्रीम क्षेत्र से पानी की आवक बढ़ गई है। बढ़ते जलस्तर को नियंत्रित करने के लिए बांध के कुल 18 गेट में से 6 रेडियल गेट खोले गए हैं। इनके जरिए अतिरिक्त पानी की निकासी की जा रही है। बारिश और पानी की आवक की स्थिति के अनुसार गेटों के संचालन में बदलाव किया जा सकता है।
बाणसागर बांध का पूर्ण भराव जल स्तर (FRL) 341.6 मीटर निर्धारित है। लगातार बारिश वर्तमान में बांध का जलस्तर इस स्तर के बेहद करीब पहुंच गया है, जबकि अपस्ट्रीम क्षेत्र में जलस्तर करीब 341 मीटर तक पहुंचने की जानकारी सामने आई है। लगातार पानी की आवक बनी रहने से बांध प्रबंधन के सामने जलस्तर नियंत्रित रखना महत्वपूर्ण हो गया है।
बांध प्रबंधन कैचमेंट क्षेत्र में हो रही बारिश, अपस्ट्रीम से आने वाले पानी और जलाशय के स्तर की लगातार मॉनिटरिंग कर रहा है। अधिकारियों के अनुसार आवश्यकता पड़ने पर गेटों से पानी की निकासी बढ़ाई या कम की जा सकती है। जल प्रबंधन एवं बांध की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सभी परिस्थितियों पर नजर रखी जा रही है।
बाणसागर बांध से छोड़ा जा रहा पानी सोन नदी में पहुंच रहा है, जिससे नदी का जलस्तर बढ़ने की संभावना है। ऐसे में नदी के आसपास और निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की आवश्यकता है। जलभराव वाले क्षेत्रों में विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है, क्योंकि बारिश जारी रहने और बांध में पानी की आवक बढ़ने पर निकासी की मात्रा में बदलाव हो सकता है।
बाणसागर बांध में 99 प्रतिशत तक जलभराव और कैचमेंट क्षेत्र में लगातार सक्रिय बारिश के कारण आने वाले समय में बांध से पानी की निकासी की स्थिति महत्वपूर्ण बनी हुई है। प्रशासन और बांध प्रबंधन गेट संचालन तथा नदी के जलस्तर पर लगातार नजर रखे हुए हैं। अधिकारियों का कहना है कि जलस्तर और बारिश की स्थिति के अनुसार आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।