

Ratlam Congress Protest: रतलाम में किसानों की समस्याओं को लेकर जिला किसान कांग्रेस कमेटी और आदिवासी कांग्रेस कमेटी ने कलेक्ट्रेट परिसर में प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान किसान तपती धूप में जमीन पर लेटते हुए कलेक्ट्रे पहुंचे और समस्याओं के निराकरण की मांग की। इस दौरान केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान का पुतला भी फूंका गया। प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए पुलिस ने वाटर कैनन का इस्तेमाल भी किया।
दरअसल, किसान कांग्रेस के प्रदर्शन को देखते हुए सुबह से ही कलेक्ट्रेट परिसर में भारी पुकलिस बल तैनात किया गया था। साथ ही बैरिकेड्स भी लगाए गए थे। इस बीच बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता नारेबाजी करते हुए कलेक्ट्रेट के मुख्य गेट पर पहुंच गए। किसान नेता राजेश पुरोहित कलेक्ट्रेट तक जमीन पर लेटते हुए पहुंचे।
प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने बैरिकेड्स लगाकर प्रदर्शनकारियों को रोकने की कोशिश की, लेकिन कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने बैरिकेड्स हटाकर आगे बढ़ गए। कलेक्ट्रेट परिसर में पहुंचने के बाद कांग्रेस कार्यकर्ता जमीन पर बैठ गए और शासन-प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी करने लगे। इस दौरान पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर वाटर कैनन का भी प्रयोग किया।
विरोध प्रदर्शन के दौरान कांग्रेसी अपने साथ बिल्ली लेकर पहुंचे थे। प्रदर्शनकारियों ने जिला प्रशासन को भीगी बिल्ली बताते हुए आरोप लगाया कि गेहूं उपार्जन को लेकर किसान परेशान हो रहे हैं, लेकिन जिला अधिकारी कोई ध्यान नहीं दे रहे हैं। इस बीच एडीएम डॉ. शालिनी श्रीवास्तव मौके पर पहुंचीं, जिन्होंने कांग्रेसियों से राज्यपाल और कलेक्टर के नाम अलग-अलग ज्ञापन लिए।
रतलाम कलेक्ट्रेट में प्रदर्शन और ज्ञापन सौंपने के बाद प्रदर्शनकारी कलेक्ट्रेट से बाहर निकले और केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान के खिलाफ नारेबाजी करते हुए उनका पुतला फूंका। इस दौरान पुलिस ने पुतला छीनने की कोशिश की, जिसके चलते प्रदर्शनकारियों और पुलिसकर्मियों के बीच धक्का-मुक्की भी हुई। कांग्रेसियों ने पुतले में आग लगा दी, जिसे पुलिस ने वाटर कैनन से बुझा दिया।
प्रदर्शन के बाद किसान कांग्रेस कमेटी के जिलाध्यक्ष राजेश भरावा ने आरोप लगाया कि रतलाम के किसान कई समस्याओं से जूझ रहे हैं, लेकिन प्रशासन राज्य सरकार के दबाव में आकर किसानों की समस्याओं का समाधान नहीं कर रहा है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस किसानों की लड़ाई लड़ती रहेगी।