

16 Carat Diamond Found Panna: मध्य प्रदेश के सागर संभाग के पन्ना एक बार फिर अपनी हीरों की चमक को लेकर सुर्खियों में है। जिले के सरकोहा गांव में सात गरीब मजदूरों की किस्मत अचानक चमक उठी, जब खेत की खदान से 16.96 कैरेट का जेम क्वालिटी हीरा मिला। इसकी अनुमानित कीमत 50 लाख रुपये से अधिक बताई जा रही है। बेशकीमती हीरा मिलने की खबर जैसे ही सामने आई, मजदूरों के चेहरे खुशी से खिल उठे।
बताया जा रहा है कि बारिश के दौरान पट्टाधारक अखिलेश पाल खदान की चाल का जायजा लेने पहुंचे थे। इसी दौरान मिट्टी के बीच चमकती हुई चीज पर उनकी नजर पड़ी। जांच कराने पर वह बेशकीमती हीरा निकला। हीरे को शासकीय हीरा कार्यालय पन्ना में जमा करा दिया गया है।
इस हीरे की सबसे खास बात यह है कि इसकी कीमत से ज्यादा इसकी खुशी उन सात मजदूरों के लिए मायने रखती है, जो लंबे समय से आर्थिक तंगी से जूझ रहे हैं। नियम के मुताबिक सरकारी नीलामी के बाद हीरे की बिक्री से प्राप्त राशि में से निर्धारित रॉयल्टी काटकर शेष रकम सातों पार्टनरों में बराबर-बराबर बांटी जाएगी। हीरा मिलने के बाद तीन मजदूरों की जिंदगी में नई उम्मीद जगी है। संतू कुशवाहा, सरमन पाल और अरुण उर्फ मोनू की शादी आर्थिक तंगी के कारण अब तक नहीं हो सकी थी। इनमें कुछ की उम्र 40 से 45 साल तक पहुंच चुकी है। अब इन्हें उम्मीद है कि हीरे से मिलने वाली रकम से न सिर्फ आर्थिक परेशानियां दूर होंगी, बल्कि उनके घर भी जल्द शहनाई बजेगी।
हीरा धारक मनोज कुशवाहा ने खुशी जताते हुए कहा कि वे 45 साल के हो चुके हैं, लेकिन गरीबी के कारण अभी तक शादी नहीं हो सकी। अब उन्हें उम्मीद है कि हीरा मिलने के बाद उनका घर भी बस सकेगा। वहीं मजदूरों ने बताया कि नीलामी से मिलने वाली रकम का इस्तेमाल वे अपने कच्चे घरों को पक्का बनाने, बच्चों की अच्छी शिक्षा और आगे हीरा खनन के काम में करेंगे।
खनिज एवं हीरा अधिकारी रवि पटेल ने बताया कि खेत की खदान से 16.96 कैरेट का जेम क्वालिटी हीरा मिला है, जिसे हीरा कार्यालय में जमा करा दिया गया है। नीलामी के बाद नियमानुसार राशि का वितरण किया जाएगा। पन्ना की इस हीरे की कहानी ने सात मजदूरों को उम्मीद दी है—और तीन घरों में अब जल्द ही शादी के सपने सच होने की उम्मीद है।