

Indore Rajwada Water Crisis Congress Protest: इंदौर में बढ़ते जल संकट के विरोध में मंगलवार को कांग्रेस ने राजबाड़ा पर जोरदार धरना-प्रदर्शन किया। प्रदर्शन में पार्टी नेताओं, कार्यकर्ताओं, महिलाओं और विभिन्न इलाकों से पहुंचे स्थानीय रहवासियों ने हिस्सा लिया। इस दौरान पानी दो, महापौर इस्तीफा दो और महापौर मुर्दाबाद जैसे नारों से पूरा क्षेत्र गूंजता रहा।
स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने इलाके में भारी पुलिस बल तैनात किया था। वहीं सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए राजबाड़ा और आसपास की इमारतों की छतों से भी पुलिस लगातार निगरानी करती नजर आई।
जीतू पटवारी ने जल संकट को लेकर महापौर, एमआईसी सदस्यों, पार्षदों, विधायकों, सांसदों और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तक पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि इंदौर की जनता दूषित पानी पीने के लिए मजबूर हो रही है। पटवारी ने कहा कि कांग्रेस आगामी तीन दिनों में पानी की गुणवत्ता और शहर में गहराते जल संकट को लेकर अपनी विस्तृत रिपोर्ट सार्वजनिक करेगी।
राजबाड़ा पर आयोजित धरना-प्रदर्शन में बड़ी संख्या में महिलाओं ने भी भागीदारी की। महिलाएं हाथों में बैनर और तख्तियां लेकर पहुंचीं तथा शहर में बढ़ती पानी की समस्या को लेकर नाराजगी जाहिर की। प्रदर्शन के दौरान उन्होंने नगर निगम प्रशासन और महापौर के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए जल संकट के समाधान की मांग उठाई।
राजबाड़ा पर प्रदर्शन के बाद कांग्रेस कार्यकर्ता नगर निगम कार्यालय की ओर कूच करने लगे। हालांकि उनके पहुंचने से पहले ही नगर निगम परिसर के बाहर भारी पुलिस बल तैनात कर मुख्य प्रवेश द्वार बंद कर दिया गया था। बंद गेट देखकर कार्यकर्ताओं में नाराजगी बढ़ गई और मौके पर तनाव की स्थिति बन गई।
इस दौरान पुलिस और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच तीखी बहस, धक्का-मुक्की और हंगामा देखने को मिला। विरोध जताते हुए कार्यकर्ताओं ने नगर निगम कार्यालय के बाहर कई मटके फोड़े, जबकि एक मटका बैरिकेडिंग पार कर निगम गेट की तरफ फेंका गया।