

Gwalior Police Operation Eagle : ग्वालियर जिले में अवैध हथियारों की खरीद-फरोख्त और सोशल मीडिया पर हथियारों के साथ दबंगई दिखाने वाले असामाजिक तत्वों के खिलाफ ग्वालियर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक धर्मवीर सिंह के निर्देशन में चलाए गए विशेष अभियान ‘ऑपरेशन ईगल’ के तहत पुलिस ने 24 घंटे के भीतर 12 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। उनके कब्जे से 315 बोर के 11 देशी कट्टे, एक 32 बोर की पिस्टल, 18 जिंदा कारतूस, एक खाली खोखा और वाहन बरामद किए गए हैं।
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक गिरफ्तार आरोपी इंस्टाग्राम समेत अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर अवैध हथियारों के साथ फोटो, वीडियो और रील्स पोस्ट कर दबंगई दिखाते थे। कुछ मामलों में हवाई फायरिंग से जुड़े वीडियो भी सामने आए थे। सोशल मीडिया पर इस तरह हथियारों के प्रदर्शन की लगातार शिकायतें मिलने के बाद पुलिस ने विशेष निगरानी शुरू की।
ग्वालियर पुलिस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर वायरल हो रहे वीडियो और रील्स की जांच की और हथियारों का प्रदर्शन करने वाले युवकों को चिन्हित किया। इसके बाद अलग-अलग थाना क्षेत्रों की पुलिस और क्राइम ब्रांच की संयुक्त टीमों ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपियों की तलाश शुरू की। पुलिस ने तकनीकी और स्थानीय स्तर पर मिली जानकारी के आधार पर 24 घंटे के भीतर सभी आरोपियों को पकड़ लिया।
इस कार्रवाई में महाराजपुरा, मुरार, पनिहार, उटीला, डबरा देहात, पुरानी छावनी, गोला का मंदिर, झांसी रोड, सिरोल और हजीरा थाना पुलिस के साथ क्राइम ब्रांच की टीम शामिल रही। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, अभियान का उद्देश्य अवैध हथियारों के नेटवर्क पर कार्रवाई करने के साथ सोशल मीडिया के जरिए अपराधी छवि बनाने वालों पर भी शिकंजा कसना है।
पुलिस ने कार्रवाई के दौरान अजय सिंह, करण जाटव, अंकित परिहार, मोनू गुर्जर, देव ओझा, गुलशन पवार, अमन होलकर, अमन शर्मा, नकुल परिहार, करन बाथम, सचिन पवैया और राहुल खटीक को गिरफ्तार किया है। सभी आरोपियों के खिलाफ आर्म्स एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस अब आरोपियों से हथियारों की खरीद और सप्लाई के नेटवर्क को लेकर भी पूछताछ कर रही है।
ग्वालियर पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि सोशल मीडिया पर अवैध हथियारों के साथ वीडियो, फोटो या फायरिंग का प्रदर्शन करने वालों के खिलाफ लगातार कार्रवाई जारी रहेगी। पुलिस ने युवाओं को चेतावनी दी है कि सोशल मीडिया पर दबंगई दिखाने के लिए हथियारों का इस्तेमाल कानूनन अपराध है और ऐसे मामलों में कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।