

Gwalior Newlywed Suicide Case : ग्वालियर के जनकगंज थाना क्षेत्र के चावड़ी बाजार में 22 वर्षीय नवविवाहिता रजनी कुशवाह ने सोमवार रात फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। रजनी की शादी करीब चार महीने पहले 23 अप्रैल 2026 को लीलाराम कुशवाह से हुई थी। घटना के बाद मायके पक्ष ने ससुराल वालों पर दहेज के लिए मानसिक और शारीरिक प्रताड़ना देने के आरोप लगाए हैं।
मायके पक्ष के मुताबिक रजनी की एक डायरी मिली है, जिसमें उसने ससुराल में कथित प्रताड़ना का जिक्र किया है। परिजनों का कहना है कि डायरी में पति और सास द्वारा परेशान किए जाने की बात लिखी गई है। परिजनों ने यह डायरी पुलिस को सौंप दी है और इसके आधार पर ससुराल पक्ष के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
परिजनों के अनुसार रजनी ने अपनी डायरी में प्रताड़ना को लेकर लिखा था, “ऐसा क्यों, जब मर्द चाहे तो उसके सामने हंसो और मर्द चाहे तो रोएं।” इस लिखावट को परिजन उसके वैवाहिक जीवन में कथित दबाव और प्रताड़ना से जोड़कर देख रहे हैं। हालांकि, इस मामले में डायरी की सामग्री और उसमें लिखी बातों की जांच पुलिस द्वारा की जा रही है।
रजनी के भाई खेमराज कुशवाह का आरोप है कि शादी के बाद से ही उनकी बहन को दहेज के लिए परेशान किया जा रहा था। उनका कहना है कि ससुराल पक्ष के लोग रजनी को मायके वालों से खुलकर बात नहीं करने देते थे। जब भी वह परिवार से बात करती थी तो दबाव में नजर आती थी। हालांकि, उसने मायके वालों को ससुराल में हो रही कथित ज्यादती के बारे में कभी खुलकर नहीं बताया।
मायके पक्ष के मुताबिक रजनी एमए और बीएड कर चुकी थी और गौहरगंज में अतिथि शिक्षक के तौर पर काम भी कर चुकी थी। वहीं उसके पति लीलाराम बीटेक हैं और डबरा तहसील में एक निजी प्रोजेक्ट पर काम कर रहे हैं। शादी के बाद रजनी हाल ही में तीसरी बार मायके आई थी।
घटना के बाद मायके पक्ष ने ग्वालियर पुलिस को डायरी सौंपते हुए ससुराल पक्ष के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग की है। परिजनों का आरोप है कि डायरी मिलने के बावजूद तत्काल केस दर्ज नहीं किया गया। उनका कहना है कि रजनी को दहेज के लिए प्रताड़ित किया गया, जिसके चलते उसने यह कदम उठाया।
डीएसपी हेडक्वार्टर मनीष यादव के मुताबिक रजनी के शव का पोस्टमार्टम कराया गया है। फिलहाल पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और सामने आए अन्य साक्ष्यों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। डायरी में लिखी बातों की भी जांच का हिस्सा होगी।