छतरपुर में अधिवक्ताओं ने खोला मोर्चा, एसडीएम की कार्यप्रणाली पर उठाए सवाल, कलेक्टर को सौंपा आवेदन

Chhatarpur Lawyers Protest: छतरपुर में एसडीएम की कार्यप्रणाली के विरोध में अधिवक्ताओं ने मोर्चा खोल दिया। कलेक्टर को आवेदन देकर जांच और उचित कार्रवाई की मांग की।
Chhatarpur Lawyers Submit Complaint to District Collector
अधिवक्ताओं ने कलेक्टर को सौंपा आवेदन(फोटो सोर्स- नवभारत)
Updated on

Chhatarpur SDM Controversy : छतरपुर से प्रशासनिक व्यवस्था से जुड़ी बड़ी खबर सामने आई है। जिले में एसडीएम की कार्यप्रणाली को लेकर अधिवक्ताओं में नाराजगी देखने को मिली है। बड़ी संख्या में अधिवक्ता एकजुट होकर जिला कलेक्टर कार्यालय पहुंचे और एसडीएम के खिलाफ शिकायत दर्ज कराते हुए आवेदन सौंपा। अधिवक्ताओं ने एसडीएम की कार्यप्रणाली पर गंभीर आपत्तियां जताते हुए मामले की जांच कराने और शिकायतें सही पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई की मांग की है।

अधिवक्ताओं ने कलेक्टर को दिए आवेदन में एसडीएम की कार्यप्रणाली से जुड़ी कई शिकायतों का उल्लेख किया है। उनका कहना है कि लंबे समय से उन्हें विभिन्न मामलों में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। अधिवक्ताओं के मुताबिक प्रशासनिक स्तर पर मामलों की सुनवाई और कार्यवाही के दौरान कई ऐसी परिस्थितियां सामने आती हैं, जिनसे अधिवक्ताओं के साथ-साथ आम लोगों को भी दिक्कत होती है।

अधिवक्ता रवि पांडे ने लगाए गंभीर आरोप

इस पूरे मामले में अधिवक्ता रवि पांडे ने एसडीएम की कार्यप्रणाली को लेकर कई गंभीर सवाल खड़े किए। उन्होंने आरोप लगाया कि कई मामलों में अधिवक्ताओं की बात को उचित तरीके से नहीं सुना जाता और उन्हें अनावश्यक परेशानियों का सामना करना पड़ता है। रवि पांडे ने कहा कि प्रशासनिक अधिकारियों की जिम्मेदारी है कि वे अधिवक्ताओं और आम लोगों की समस्याओं को गंभीरता से सुनें और नियमों के अनुसार निष्पक्ष कार्रवाई करें।

अधिवक्ताओं ने निष्पक्ष जांच की मांग की

अधिवक्ताओं का कहना है कि एसडीएम की कार्यप्रणाली की निष्पक्ष जांच होना जरूरी है, ताकि शिकायतों की वास्तविकता सामने आ सके। उनका आरोप है कि मामलों से जुड़े पक्षों को समय पर उचित सुनवाई और सहयोग नहीं मिल पाने के कारण असंतोष की स्थिति बन रही है। अधिवक्ताओं ने कलेक्टर से मांग की है कि आवेदन में लगाए गए प्रत्येक आरोप की बिंदुवार जांच कराई जाए।

प्रशासन और अधिवक्ताओं के बीच बेहतर समन्वय की मांग

अधिवक्ताओं ने यह भी कहा कि प्रशासनिक अधिकारियों और अधिवक्ताओं के बीच बेहतर समन्वय बेहद जरूरी है। अधिवक्ताओं के मुताबिक राजस्व और प्रशासन से जुड़े मामलों में आम लोगों को पहले ही कई प्रक्रियाओं से गुजरना पड़ता है। ऐसे में यदि अधिकारियों और अधिवक्ताओं के बीच संवाद और समन्वय बेहतर रहे तो लोगों को अनावश्यक परेशानी से बचाया जा सकता है और मामलों का निपटारा भी सुचारु तरीके से हो सकता है।

शिकायत सही मिली तो कार्रवाई की मांग

अधिवक्ताओं ने कलेक्टर से मांग की है कि उनके द्वारा सौंपे गए आवेदन को गंभीरता से लेते हुए पूरे मामले की जांच कराई जाए। उन्होंने कहा कि यदि जांच में लगाए गए आरोप सही पाए जाते हैं तो संबंधित अधिकारी के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जानी चाहिए। अधिवक्ताओं ने स्पष्ट किया कि उनका उद्देश्य प्रशासनिक व्यवस्था में पारदर्शिता और बेहतर कार्यप्रणाली सुनिश्चित करना है।

Chhatarpur Lawyers Submit Complaint to District Collector
स्कूल के टॉयलेट का आपत्तिजनक वीडियो वायरल; मुरैना के सांदीपनि स्कूल में मचा हड़कंप

अब प्रशासन के अगले कदम पर नजर

कलेक्टर को आवेदन सौंपे जाने के बाद एसडीएम की कार्यप्रणाली को लेकर उठी शिकायतों का मामला चर्चा में आ गया है। फिलहाल प्रशासन की ओर से इस मामले में क्या कदम उठाया जाता है, यह देखना महत्वपूर्ण होगा। अधिवक्ताओं द्वारा लगाए गए आरोपों की जांच के बाद ही स्थिति पूरी तरह स्पष्ट हो सकेगी। अब सभी की नजर जिला प्रशासन की आगामी कार्रवाई पर टिकी है।

Navbharat Live
navbharatlive.com