

Ashok Nagar Crime News: अशोकनगर में पुलिस ने सोशल मीडिया पर दोस्ती कर युवतियों को प्रेमजाल में फंसाने, अश्लील फोटो-वीडियो बनाकर ब्लैकमेल करने और फर्जी क्राइम ब्रांच अधिकारी बनकर करीब 1 करोड़ 30 लाख रुपए की ठगी करने वाले एक संगठित गिरोह का पर्दाफाश किया है। इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।
गिरफ्तार आरोपियों में आदित्य सिंह तोमर, आयुषी चौहान, आकाश चौहान और आर्यन सोनी शामिल हैं। पुलिस ने इनके कब्जे से ठगी की रकम से खरीदे गए सोने-चांदी के जेवर, थार रॉक्स कार, स्कूटी, मोबाइल, लैपटॉप और नकदी बरामद की है।
एसपी राजीव कुमार मिश्रा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि पीड़िता ने एसपी कार्यालय पहुंचकर दुष्कर्म, ब्लैकमेलिंग और ठगी की शिकायत दर्ज कराई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए कोतवाली थाना प्रभारी रवि प्रताप सिंह चौहान के नेतृत्व में विशेष टीम गठित कर जांच शुरू की गई।
पीड़िता ने बताया कि करीब पांच साल पहले, जब वह नाबालिग थी और कक्षा 12वीं में पढ़ती थी, तब उसकी पहचान इंस्टाग्राम पर आदित्य सिंह तोमर से हुई थी। आरोपी ने प्रेम संबंध बनाकर शादी और बेहतर भविष्य का झांसा दिया। इसके बाद आरोपी उसे अपने साथी आर्यन सोनी के टैटू स्टूडियो ले जाने लगा, जहां चोरी-छिपे उसके आपत्तिजनक फोटो और वीडियो बना लिए गए। आर्यन सोनी इंद्रा पार्क क्षेत्र में टैटू स्टूडियो चलाता है। बाद में इन्हीं वीडियो के आधार पर ब्लैकमेलिंग शुरू कर दी गई।
आरोपी आदित्य ने कई बार पीड़िता के साथ शारीरिक संबंध बनाए और पिता की मृत्यु के बाद 5 लाख रुपए की मांग की। डर और बदनामी के चलते पीड़िता ने करीब 2 लाख रुपए दे दिए। पीड़िता की परिचित आयुषी चौहान ने भी उसे अपने जाल में फंसाया। वह खुद को एस्ट्रोलॉजर बताकर डराने लगी और अपने पति आकाश चौहान के साथ मिलकर मदद का भरोसा दिया। इसके बाद फर्जी कॉल्स के जरिए खुद को क्राइम ब्रांच और पुलिस अधिकारी बताकर धमकियां दी गईं और झूठे केस में फंसाने का डर दिखाकर लगातार पैसों की वसूली की गई।
पीड़िता से अलग-अलग किश्तों में करीब 1.30 करोड़ रुपए की ठगी की गई, जिसमें गोल्ड लोन तक शामिल कराया गया। जांच में सामने आया कि आरोपी ठगी की रकम से लग्जरी जीवन जी रहे थे। महंगी गाड़ियां, ब्रांडेड सामान और आलीशान लाइफस्टाइल इनके शौक में शामिल थे। आयुषी चौहान तंत्र-मंत्र और ज्योतिष के नाम पर भी लोगों को प्रभावित करती थी।
कोतवाली पुलिस ने तकनीकी साक्ष्य, बैंक खातों और पूछताछ के आधार पर चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इनके खिलाफ बीएनएस और पॉक्सो एक्ट की विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और वित्तीय लेनदेन की जांच में जुटी हुई है।