देवयानी राणा का भाषण क्यों हो रहा वायरल? विरोधी उमर अब्दुल्ला के विधायक भी जमकर कर रहे तारीफें, Video देखें

Devyani Rana Nargota MLA : नारगोटा विधायक देवयानी राणा ने जम्मू-कश्मीर बजट सत्र में 12 मिनटों का भाषण दिया। इस दौरान सदन में खामोशी छाई रही। जब उनका भाषण खत्म हुआ तो जमकर तालियां बजीं।
Why is Devyani Rana speech going viral? Even Omar Abdullah MLAs are praising her, watch the video
सदन में भाषण देतीं विधायक देवयानी राणा। इमेज-सोशल मीडिया
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MLA Devyani Rana News: जम्मू-कश्मीर विधानसभा में हाल ही में एक ऐसा दुर्लभ और गरिमामय दृश्य देखने को मिला, जिसने दलगत राजनीति की दीवारों को ढहा दिया। अवसर था बजट 2026-27 पर चर्चा का, जहां विपक्षी भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की विधायक देवयानी राणा सत्ता पक्ष के तीखे हमलों के बजाय अपने तार्किक और भावुक भाषण के लिए वाहवाही बटोर रही थीं। नागरोटा से विधायक देवयानी ने जब जनहित के मुद्दों पर बोलना शुरू किया तो सत्तारूढ़ नेशनल कॉन्फ्रेंस के विधायक भी मेजें थपथपाकर उनका समर्थन करने से खुद को रोक नहीं पाए।

देवयानी राणा ने अपने संबोधन में आपदा प्रबंधन और राहत कोष में की गई भारी कटौती को लेकर सरकार को घेरा। उन्होंने आंकड़ों के साथ बताया कि पिछले वर्ष का 719 करोड़ रुपये का बजट घटाकर इस बार महज 350.76 करोड़ रुपये कर दिया गया है। उन्होंने याद दिलाया कि जम्मू क्षेत्र, विशेषकर नागरोटा, हाल में बाढ़ और भूस्खलन की त्रासदी झेल चुका है। उन्होंने एक शिशु और एक युवक की दर्दनाक मौत का जिक्र करते हुए कहा कि ये सिर्फ नाम नहीं, बल्कि जम्मू की तबाही का प्रतिनिधित्व करते हैं। देवयानी ने चेतावनी दी कि भूकंप और बाढ़ संभावित इस संवेदनशील क्षेत्र में बुनियादी ढांचे और पूर्व चेतावनी प्रणाली के लिए अधिक निवेश की आवश्यकता है।

शिक्षा और बिजली पर चिंता

शिक्षा के क्षेत्र में 193.75 करोड़ रुपये की कटौती पर सवाल उठाते हुए देवयानी ने पूछा कि अगर दूरदराज के इलाकों में स्कूल बजट के अभाव में बंद या मर्ज हो गए तो गरीब बच्चों का भविष्य क्या होगा? इसी तरह उन्होंने बिजली विभाग के कम होते बजट और दिव्यांगों के लिए लागू की गई मुफ्त बस यात्रा योजना की व्यवहारिकता पर भी उंगली उठाई। उन्होंने तंज कसते हुए पूछा कि क्या बसों में रैंप और दिव्यांगों के लिए बुनियादी सुविधाएं मौजूद हैं?

जब सदन ने मेजें थपथपाईं

देवयानी राणा के 12 मिनट के भाषण के दौरान पूरे सदन में सन्नाटा पसरा रहा। जैसे ही उनका संबोधन समाप्त हुआ, सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों ने एक सुर में उनकी प्रशंसा की। आलम यह था कि एक कैबिनेट मंत्री ने अंगूठा दिखाकर उनकी सराहना की तो कई भाजपा और एनसी नेता उनकी सीट पर जाकर उन्हें बधाई देने लगे। यह दृश्य लोकतंत्र की उस खूबसूरती को दर्शाता है जहाँ जन सरोकार के मुद्दे विचारधारा से ऊपर उठ जाते हैं।

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