

Sheesh Mahal Part 2 Raghav Chadha: राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने शुक्रवार को भारतीय जनता पार्टी ज्वाइन कर ली। भाजपा में शामिल होने के बाद वे लगातार आम आदमी पार्टी और अरविंद केजरीवाल पर निशाना साधते हुए नजर आ रहे है। अब उन्होंने दिल्ली चुनाव में हुई आम आदमी पार्टी की हार का ठीकरा भी अरविंद केजरीवाल और उनके शीश महल पर फोड़ दिया है।
दिल्ली में राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने कहा, एक अहम बात यह है कि आज दिल्ली में 'शीश महल पार्ट टू' सामने आ गया है। इसकी कुछ तस्वीरें भी सामने आई हैं। अगर दिल्ली चुनावों में आम आदमी पार्टी की हार का कोई एक बड़ा कारण था, तो वह 'शीश महल' (Sheesh Mahal) ही था। लेकिन आज, दिल्ली चुनाव खत्म हुए अभी एक साल भी नहीं बीता है कि 'शीश महल पार्ट टू' सामने आ गया है।
राघव चड्ढा ने आगे कहा कि मैं सोचता हूं कि जब सड़कों और मोहल्लों में लोग आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ताओं से 'शीश महल' के बारे में सवाल पूछेंगे, तो पार्टी के जो गिने-चुने अच्छे कार्यकर्ता बचे हैं, वे इसका क्या जवाब देंगे? आम आदमी पार्टी को इस पर आत्ममंथन करना चाहिए और सोचना चाहिए।
बीते दिन ही अरविंद केजरीवाल ने अपना घर शिफ्ट करने की बात भी सोशल मीडिया पर साझा की। थी उन्होंने सोशल मीडिय एक्स पर पोस्ट कर बताया कि था आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक के तौर पर उनकी स्थिति को देखते हुए, केंद्र सरकार ने अदालत के आदेश पर उन्हें एक मकान आवंटित किया था। अब मैं अपने परिवार के साथ उस मकान में शिफ़्ट हो गया हूं। उनके नए मकान को लेकर भी सियासी बवाल खड़ा हो गया है और अब इसे शीशमहल 2.0 कहा जा रहा है।
आप छोड़ने और बीजेपी में शामिल होने पर राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने कहा, आज हर सच्चा देशभक्त, जिसने अपने खून-पसीने से आम आदमी पार्टी को सींचा और बड़ी उम्मीदों के साथ इससे जुड़ा था, या तो आम आदमी पार्टी छोड़ चुका है या छोड़ रहा है। हर ईमानदार, मेहनती व्यक्ति को लगता है कि अब आम आदमी पार्टी में काम करने की कोई गुंजाइश नहीं बची है। और आम आदमी पार्टी अब एक ऐसे गलत रास्ते पर चल पड़ी है जिससे कोई भी जुड़ना नहीं चाहता।
राघव ने आगे बताया नतीजतन, एक-एक करके, कई नेताओं ने आम आदमी पार्टी छोड़ दी है। बाबा साहेब अंबेडकर द्वारा बनाया गया संविधान चुने हुए सांसदों को यह अधिकार देता है कि अगर उन्हें लगे कि उनकी पार्टी भ्रष्ट और समझौतावादी हाथों में चली गई है या गलत रास्ते पर जा रही है, तो वे अपनी पार्टी छोड़ सकते हैं।
राघव बोले इस मामले में, एक नहीं, दो नहीं, तीन नहीं, चार नहीं, पांच नहीं, छह नहीं, बल्कि सात सांसद एक साथ आम आदमी पार्टी छोड़ रहे हैं, क्योंकि उनका मानना है कि आम आदमी पार्टी भ्रष्ट और समझौतावादी हाथों में चली गई है। और जो लोग यह कह रहे हैं खासकर आम आदमी पार्टी के नेता कि हमने डर के मारे आम आदमी पार्टी छोड़ी, तो हमने आम आदमी पार्टी डर के मारे नहीं, बल्कि आम आदमी पार्टी से निराश होकर छोड़ी है। हमने डर के मारे नहीं, बल्कि आम आदमी पार्टी से घृणा होने के कारण इसे छोड़ा है।