

First Phase of Census 2027 Start: देश में करीब 15 साल बाद 1 अप्रैल से जनगणना-2027 की प्रक्रिया शुरू हो रही है। इससे पहले 2011 में जनगणना हुई थी। भारत में आमतौर पर हर 10 साल पर जनगणना की जाती है, लेकिन 2020-21 में कोरोना महामारी के कारण इसे स्थगित करना पड़ा। इसके बाद जाति को शामिल करने को लेकर विवादों के चलते इसमें और देरी हुई।
अब इस बार की जनगणना में जाति को भी शामिल किया गया है। यह प्रक्रिया दो चरणों में पूरी होगी और अंतिम रिपोर्ट 2027 में जारी की जाएगी। इसलिए इसे जनगणना-2027 कहा जा रहा है। पहले चरण की शुरुआत आज यानी 1 अप्रैल 2026 से हो रही है। आइए जानते हैं इस बार की जनगणना के बारे में 10 मुख्य बातें और नागरिकों से पूछे जाने वाले सवाल।
परिवार का मुखिया या कोई सदस्य मोबाइल नंबर से पोर्टल पर रजिस्टर करेगा। जिला चुनकर मानचित्र पर घर का स्थान चिह्नित करना होगा। इसके बाद 16 अंकों की यूनिक स्व-गणना आईडी जनरेट होगी, जिसे फील्ड विजिट में दिखाना जरूरी है।
अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि व्यक्तिगत डेटा पूरी तरह गोपनीय रहेगा और इसका इस्तेमाल किसी भी अदालत में या सरकारी लाभ प्राप्त करने के लिए नहीं किया जा सकेगा। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, दस राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों ने अप्रैल में जनगणना के पहले चरण की शुरुआत के लिए अधिसूचना जारी कर दी है, जबकि 15 राज्य मई में और 10 राज्य जून या उसके बाद जनगणना शुरू करेंगे।