असम में बाढ़ का कहर बरकरार! सात जिलों में 3.32 लाख से ज्यादा लोग अब भी प्रभावित

Assam Weather Update: असम के सात जिलों में बाढ़ से 3.32 लाख से अधिक लोग प्रभावित हुए हैं। राहत और बचाव कार्य जारी है, प्रशासन लगातार हालात पर नजर बनाए हुए है।
Floods wreak havoc in Assam; over 3.32 lakh people across seven districts are affected, and the administration has issued an alert.
असम में आई बाढ़ (सोर्स सोशल मीडिया)
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Assam Flood News: असम में बाढ़ का पानी अभी भी हजारों लोगों को प्रभावित कर रहा है, लेकिन मुश्किलें अभी पूरी तरह से खत्म नहीं हुई हैं। इस राज्य के अभी भी सात जिलों में 3.32 लाख से अधिक लोग अब भी बाढ़ की मार झेल रहे हैं और कई इलाकों में जनजीवन प्रभावित है।

असम में आई बाढ़ मे लाखों लोग हुए प्रभावित

असम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के अनुसार, राज्य के सात जिलों के 21 राजस्व सर्किलों के तहत आने वाले 622 गांव अब भी बाढ़ की चपेट में हैं। मौजूदा समय में 3,32,639 लोग इस आपदा से प्रभावित हैं। इसका सबसे अधिक असर शिवसागर, चराइदेव, गोलाघाट, जोरहाट, नागांव, सोनितपुर और कामरूप जिलों में देखा जा रहा है। वहीं दूसरी तरफ करीब 45,341.98 हेक्टेयर कृषि भूमि अब भी पानी में डूबी हुई है, जिससे किसानों की फसलों और कृषि क्षेत्र को भारी नुकसान पहुंचा है।

शिवसागर जिले में सात लोगों की हुई मौत

मिला जानकारी के अनुसार अधिकारियों मीडिया के साथ हुई बातचीत में बताया कि नुमालीगढ़ में धनसिरी नदी खतरे के निशान से ऊपर बह रही थी, जबकि किसी भी नदी के उच्चतम बाढ़ स्तर से ऊपर बहने की सूचना नहीं मिली है। आपको बताते चले कि बाढ़ की ताजा लहर ने शिवसागर जिले में सात लोगों की जान चली गई, जिससे इस साल असम में बाढ़ से मरने वालों की कुल संख्या 75 हो गई है। उनका कहना है कि अभी बाढ़ के मौजूदा दौर में किसी के लापता होने की कोई सूचना प्राप्त नहीं हुई है।

बाढ़ से प्रभावित हुए लोगों की मदद के लिए बन रहे राहत शिविर

सबसे बुरी तरह से प्रभावित हुए कई क्षेत्रों में चिकित्सा टीमों, एसडीआरएफ कर्मियों और स्थानीय स्वयंसेवकों की तैनाती के साथ बचाव और राहत कार्य को जारी रखने के निर्देश दिए गए हैं। एएसडीएमए ने बाढ़ से प्रभावित हुए लोगों की मदद करने के लिए कुल 115 राहत केंद्र संचालित किए जा रहे हैं।

इतना ही नही बल्कि इनमें 81 राहत शिविर और 34 राहत वितरण केंद्र शामिल हैं। इन सभी शिविरों में फिलहाल 32,477 लोग ठहरे हुए हैं। सबसे अधिक विस्थापित लोगों ने शिवसागर जिले के राहत शिविरों में शरण ली है, जबकि जोरहाट, गोलाघाट और चराइदेव में भी बड़ी संख्या में प्रभावित लोग राहत शिविरों में रह रहे हैं।

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