Sooraj Pancholi ने ‘केसरी वीर’ पर की बात, बोले- फिल्म इंडस्ट्री कमजोर दिल वालों के लिये नहीं है

बॉलीवुड अभिनेता सूरज पंचोली ने हाल ही में हुए एक इंटरव्यू ने अपनी आने वाली फिल्म ‘केसरी वीर’ पर बात की। उन्होंने कहा कि मुझे हमेशा से एक वॉरियर का किरदार निभाना था और हर अभिनेता को ये मौका नहीं मिलता है।
Sooraj Pancholi ने ‘केसरी वीर’ पर की बात, बोले- फिल्म इंडस्ट्री कमजोर दिल वालों के लिये नहीं है
सूरज पंचोली (सौ. सोशल मीडिया )
Published on
Updated on

मुंबई: बॉलीवुड अभिनेता सूरज पंचोली जल्द ही फिल्म ‘केसरी वीर’ के साथ हिंदी सिनेमा में अपना दमदार कमबैक करने जा रहे हैं। सोमनाथ विध्वंस और उसकी रक्षा से जुड़ी कहानी को पेश करती इस फिल्म में वे एक जांबाज योद्धा के रूप में नजर आएंगे। अभिनेता ने अपनी इस फिल्म को लेकर नवभारत से एक्सक्लूसिव बातचीत की जहां उन्होंने अपने किरदार, इसकी तैयारी और साथ ही अपनी करियर को लेकर बात की।

सूरज पंचोली से पूछा गया कि जब उन्हें ये फिल्म ऑफर की गई तो किन चीजों ने उनको इस कहानी से जुड़ने के लिए आकर्षित किया था। इस पर सूरज पंचोली ने कहा कि मुझे हमेशा से एक वॉरियर का किरदार निभाना था और हर अभिनेता को ये मौका नहीं मिलता है। मेरी फिजिक देखकर फिल्म के मेकर्स मेरे पास आए और उन्हें लगा कि मैं एक युवा योद्धा की तरह दिखता हूं।

मैंने अपनों सेहत का बड़ा ध्यान रखा है। फिल्म की स्क्रिप्ट जब मेरे पास आई तो मैं हैरान रह गया क्योंकि मैंने बाद एक दिन पहले ही सोमनाथ के दर्शन करके लौटा था। आप इसे इत्तेफाक कहें या फिर ईश्वर की कृपा लेकिन सोमनाथ के दर्शन के बाद ही मुझे ये फिल्म ऑफर हुई. मुझे मेकर्स ने बताया कि सोमनाथ मंदिर पर एक फिल्म बना रहे हैं।

सूरज पंचोली से पूछा गया कि इस रोल के लिए मानसिक रूप से खुद को किस प्रकार से तैयार किया। उन्होंने कहा कि फिजिकली तो मेरे लिए ये उतना मुश्किल नहीं था क्योंकि मैंने अपनी फिटनेस को मेनटेन रखा था और हमेशा खुद का ख्याल रखा था। लेकिन क्योंकि फिल्म के सीन्स बेहद मुश्किल था और ये कहानी बेहद इमोशनल है, इसने मुझे भी मानसिक रूप से झकझोर दिया फिल्म की डायलॉग्स भी मुश्किल थे। इस किरदार में बहुत दर्द है जो पर्दे पर दर्शाना मेरे लिए आसान नहीं था।

सूरज पंचोली से जब पूछा गया कि उनके पैरेंट्स इंडस्ट्री में काफी काम कर चुके हैं, तो क्या पैरेंट्स की लेगेसी को आगे बढ़ाने का प्रेशर आप पर रहा है। इस पर उन्होंने कहा कि नहीं, ये मेरा अपना सफर है जो बेहद अलग है। मेरे पेरेंट्स भी मुझसे यही बात कहते हैं। खुशनसीबी से मुझपर वो प्रेशर तो कभी नहीं रहा है। ये मेरा अपना सफर सफर है और मैंने जो सपने देखें हैं उसे मुझे ही पूरा करना है। मैंने अपने जीवन में नेगेटिव चीजों से खुद को प्रभावित करना कम कर दिया है। मैं भी एक इंसान हूं।

उन्होंने आगे कहा कि हां, कभी-कभी कुछ चीजें आपको आहत कर सकती है लेकिन आप कितने लोगों को चुप कर पाओगे। हर किसी का अपना ओपिनियन होता है। ये इंडस्ट्री ही ऐसी है कि आपको बहुत से नेगेटिव कमेंट्स भी लेने होंगे। ये इंडस्ट्री कमजोर दिल वालों के लिए नहीं है और ये ऐसे ही काम करती है। अगर आप सोचते हो कि लोग आपके बारे में क्यों बात कर रहे हैं तो आप शायद गलत जगह पर है।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com