भोजपुरी सिंगर अंतरा सिंह की बढ़ीं मुश्किलें, कोर्ट ने जारी किया गैर-जमानती वारंट, जानें क्या है पूरा मामला

Antra Singh Case: नवरात्रि जागरण विवाद में भोजपुरी गायिका अंतरा सिंह उर्फ प्रियंका की मुश्किलें बढ़ी गई हैं। एससी/एसटी कोर्ट सोनभद्र ने उनके और इवेंट मैनेजर के खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी किया है।
Bhojpuri Singer Antra Singh Controversy
अंतरा सिंह (फोटो-सोर्स,सोशल मीडिया)
Published on
Updated on

Bhojpuri Singer Antra Singh Controversy: भोजपुरी गायिका अंतरा सिंह प्रियंका अक्सर अपने गानों को लेकर सुर्खियों में छाई रहती हैं। लेकिन इन दिनों गायिका कानूनी विवादों में फंस गई है। दरअसल, करीब 22 महीने पुराने नवरात्रि देवी जागरण कार्यक्रम विवाद में अब कार्रवाई तेज हो गई है। एससी/एसटी कोर्ट सोनभद्र  ने सुनवाई के दौरान अदालत में उपस्थित न होने पर अंतरा सिंह प्रियंका और इवेंट मैनेजमेंट कंपनी के संचालक विकास कुमार के खिलाफ गैर-जमानती वारंट और कुर्की नोटिस जारी किया है।

अदालत ने सोनभद्र पुलिस अधीक्षक को निर्देश दिया है कि नोटिस का निष्पादन सुनिश्चित कर 14 मार्च 2026 तक की गई कार्रवाई से न्यायालय को अवगत कराया जाए।

क्या है पूरा मामला?

अभियोजन के अनुसार, रॉबर्ट्सगंज कोतवाली क्षेत्र के बहुअरा गांव निवासी राजेंद्र ने आरोप लगाया कि 18 अप्रैल 2024 को नवरात्रि देवी जागरण कार्यक्रम के लिए विकास कुमार के माध्यम से दो लाख रुपये में बुकिंग की गई थी। कुल रकम में से 1.70 लाख रुपये एडवांस दिए गए थे, जबकि शेष राशि कार्यक्रम के बाद देने पर सहमति बनी थी। कार्यक्रम में अंतरा सिंह उर्फ प्रियंका को प्रस्तुति देनी थी और उनके ठहरने के लिए होटल में चार कमरे भी आरक्षित किए गए थे। शिकायतकर्ता का कहना है कि बड़ी संख्या में लोग कार्यक्रम स्थल पर पहुंचे, लेकिन कथित तौर पर गायिका अंतरा सिंह बिना प्रस्तुति दिए ही देर रात लौट गईं। इससे कार्यक्रम रद्द हो गया और लगभग पांच लाख रुपये की आर्थिक क्षति हुई।

जातिसूचक टिप्पणी और धमकी का लगा आरोप

आरोप है कि जब आयोजक से पैसे वापसी को लेकर बातचीत की गई, तो कथित रूप से जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल कर अपमानित किया गया और बेटे को उठवा लेने की धमकी दी गई। इस आधार पर धोखाधड़ी और एससी/एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज कराया गया।

शिकायतकर्ता के अनुसार, स्थानीय थाने में सूचना देने के बावजूद कार्रवाई नहीं हुई। बाद में 31 अगस्त 2024 को एसपी सोनभद्र को रजिस्टर्ड डाक से शिकायत भेजी गई। अंततः अदालत के आदेश पर एफआईआर दर्ज कर विवेचना की गई और पर्याप्त साक्ष्य मिलने पर चार्जशीट दाखिल की गई। अब अदालत में पेशी से अनुपस्थित रहने पर दोनों आरोपियों के खिलाफ सख्त कदम उठाए गए हैं। मामले की अगली कार्रवाई 14 मार्च 2026 को अदालत में रिपोर्ट पेश होने के बाद तय होगी।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com