झारखंड में नहीं दिखा नक्सलियों के फरमान का असर, चुनाव बहिष्कार के बैनर के बाद भी तेजी से हुआ मतदान

माओवादियों ने मनोहरपुर निर्वाचन क्षेत्र के रबांगा गांव में एक मतदान केंद्र के द्वार पर पोस्टर और बैनर लगाए थे, जिनमें मतदाताओं से मतदान का बहिष्कार करने का आह्वान किया गया था।
झारखंड में नहीं दिखा नक्सलियों के फरमान का असर, चुनाव बहिष्कार के बैनर के बाद भी तेजी से हुआ मतदान
चुनाव बहिष्कार के बैनर (सौ. से एएनआई)
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चाईबासा : झारखंड के पश्चिमी सिंहभूम जिले में माओवाद प्रभावित क्षेत्रों में बुधवार को विधानसभा चुनाव का बहिष्कार करने के आह्वान के बावजूद तेजी से मतदान हुआ। अधिकारियों ने यह जानकारी देते हुए कहा कि माओवाद प्रभावित क्षेत्रों में लोग अब सत्ता व शासन पर भरोसा करने लगे हैं और मतदान जैसी लोकतांत्रिक प्रक्रिया में हिस्सा ले रहे हैं।

अधिकारियों ने बताया कि माओवादियों ने मनोहरपुर निर्वाचन क्षेत्र के रबांगा गांव में एक मतदान केंद्र के द्वार पर पोस्टर और बैनर लगाए थे, जिनमें मतदाताओं से मतदान का बहिष्कार करने का आह्वान किया गया था। साथ ही उन्होंने एक ऐसी वस्तु भी रखी थी, जिसके बम होने का संदेह था, जिसके कारण मतदान में आधे घंटे की देरी हुई। पुलिस ने क्षेत्र की घेराबंदी कर बैनर, पोस्टर तथा संदिग्ध वस्तु को हटाया और मौके पर खोजी कुत्तों और बम निरोधक दस्ते को तैनात कर दिया गया। घटना के बावजूद सैकड़ों मतदाता सुबह से ही मतदान केंद्र पर मतदान करने के लिए एकत्रित हो गए।

पुलिस अधीक्षक आशुतोष शेखर ने बताया कि स्वतंत्र एवं निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित करने के लिए सुरक्षा के कड़े प्रबंध किये गये हैं। इस बीच जगन्नाथपुर विधानसभा क्षेत्र के छोटानागरा थाना क्षेत्र के हथनाबुरू और डिकूपोंगा गांवों के बीच नक्सलियों ने पेड़ के तने रखकर सड़क को अवरुद्ध कर दिया, जिसे बाद में पुलिस ने हटा दिया। इन स्थानों पर नक्सलियों ने पोस्टर और बैनर भी लगाए थे। राज्य में पहले चरण के चुनाव में पूर्वी और पश्चिमी सिंहभूम तथा सरायकेला-खरसावां जिलों को मिलाकर कोल्हान क्षेत्र की 14 विधानसभा सीट के लिए मतदान हो रहा है।

पुलिस अधीक्षक मुकेश कुमार लुनायत ने बताया कि सरायकेला-खरसावां जिले के माओवाद प्रभावित कुचाई प्रखंड के जामबेरो, रेगाबेड़ा, कोमाई, गिलुआ, सियाडीह, तरम्बा और अन्य गांवों में शांतिपूर्ण तरीके से मतदान हुआ। उन्होंने कहा कि जिले के सरायकेला, खरसावां और ईचागढ़ विधानसभा क्षेत्रों में शांतिपूर्ण, स्वतंत्र और निष्पक्ष मतदान सुनिश्चित करने के लिए सुरक्षा के कड़े प्रबंध किए गए थे।

उन्होंने बताया कि दोपहर एक बजे तक ईचागढ़ विधानसभा क्षेत्र में 50.42 प्रतिशत, सरायकेला में 49.10 प्रतिशत और खरसावां में 53.68 प्रतिशत मतदान हुआ। इसी बीच झारखंड चुनाव के पहले चरण में एकमात्र 'ट्रांसजेंडर' उम्मीदवार नगमा रानी ने बुधवार को अपने मताधिकार का प्रयोग किया और उम्मीद जताई कि मतदाता उनका समर्थन करेंगे तथा उन्हें चुनाव में जीत दिलाएंगे। रानी (35) हटिया विधानसभा सीट से चुनाव लड़ रही हैं, जहां उनका मुकाबला भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के उम्मीदवार नवीन जायसवाल और कांग्रेस के उम्मीदवार अजय नाथ शाहदेव से है।

रांची जिले के हेसाग में मतदान करने के बाद रानी ने कहा, ‘‘मैंने अपने मत का प्रयोग कर लिया है और मुझे उम्मीद है कि मैं चुनाव जीतूंगी। प्रचार अभियान के दौरान लोगों का समर्थन देखकर मैं आश्चर्यचकित थी। मुझे उम्मीद है कि यह समर्थन मेरे पक्ष में जाएगा।''

बिहार के मगध विश्वविद्यालय से इतिहास में स्नातक रानी ने कहा, ‘‘अगर मैं जीतती हूं, तो मैं निर्वाचन क्षेत्र के सर्वांगीण विकास के लिए काम करूंगी। मैं यह भी सुनिश्चित करने का प्रयास करूंगी कि झारखंड के योग्य छात्रों को उच्च शिक्षा के लिए राज्य से बाहर न जाना पड़े और मैं रोजगार के अवसर बढ़ाने के लिए काम करूंगी।''

--एजेंसी इनपुट के साथ

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