असम चुनाव के नतीजों से पहले मुंबई सट्टा बाजार में पलटा खेल, अचानक कांग्रेस के बढ़े 'भाव', मचा हड़कंप!

Mumbai Satta Bazar: असम विधानसभा चुनाव के नतीजों से ठीक पहले मुंबई सट्टा बाजार ने चौंकाने वाले आंकड़े जारी किए हैं। रिकॉर्ड 85.91% मतदान के बाद बीजेपी गठबंधन को बहुमत मिलने के आसार जताए जा रहे हैं।
mumbai satta bazar on assam results
सांकेतिक तस्वीर (AI Image)
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Mumbai Satta Bazar Assam: पांच राज्यों के चुनावी नतीजों की घड़ी करीब आते ही देशभर में सियासी हलचल तेज हो गई है। असम समेत पांच राज्यों के भाग्य का फैसला कल यानि चार मई को होगा, लेकिन नतीजों से पहले सट्टा बाजार ने अपनी भविष्यवाणियों से सियासी गलियारे में खलबली मचा दी है। मुंबई सट्टा बाजार, जो अपनी सटीक चालों के लिए चर्चा में रहता है, इस बार असम चुनाव के लिए क्या इशारा कर रहा है? आइए जानतें हैं मुंबई सट्टा बाजार के आंकड़ों में असम के चुनावी नतीजों को लेकर क्या बड़े दावे किए जा रहे हैं...

क्या कह रहा है मुंबई सट्टा बाजार

मुंबई सट्टा बाजार के ताजा आंकड़ों के मुताबिक, असम की 126 विधानसभा सीटों पर भाजपा एक बार फिर मजबूत स्थिति में नजर आ रही है। वहीं अनुमानों की मानें तो बीजेपी गठबंधन को 85 से 92 सीटें मिल सकती हैं, जो राज्य में सरकार बनाने के लिए बहुमत के आंकड़े से काफी ऊपर है। वहीं, प्रमुख विपक्षी पार्टी कांग्रेस के सिर्फ 34-38 सीटों पर सिमटने का अनुमानव लगाया गया है। सट्टेबाजों का मानना है कि राज्य में विकास और हिमंता सरमा के नेतृत्व पर जनता का भरोसा बरकरार है।

अन्य राज्यों में किसका बढ़ा भाव

सट्टा बाजार केवल असम ही नहीं बल्कि पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु को लेकर भी चौंकाने वाले आंकड़े पेश कर रहा है। पश्चिम बंगाल की 294 सीटों में बाजपा को 175-185 सीटें मिलने का अनुमान है, वहीं सत्ताधारी टीएमसी 127-132 सीटों पर पिछड़ती दिख रही है। तमिलनाडु में इस बार सत्ता परिवर्तन के संकेत नहीं हैं, DMK को 145-155 सीटें मिलने की उम्मीद जताई गई है। वहीं पुडुचेरी में एनडीए और इंडिया ब्लॉक के बीच कांटे की टक्कर का अनुमान है।

रिकॉर्ड वोटिंग से बदला गणित

असम विधानसभा चुनाव में में इस बार रिकॉर्ड 85.91% वोटिंग हुई है, जिसमें महिला मतदाताओं की भागीदारी (86.50%) से हर कोई हैरान है। राजनीतिक विशेषज्ञों का मानना है कि भारी मतदान अक्सर सत्ता विरोधी लहर या फिर जबरदस्त जनसमर्थन का संकेत माना जाता है।

सट्टा बाजार भी इन्हीं आंकड़ों और जमीनी फीडबैक के आधार पर अपने भाव लगाता है। फलोदी सट्टा बाजार ने भी असम में हिमंत बिस्वा सरमा की वापसी और एनडीए को 100 के आसपास सीटें मिलने का दावा किया है।

कैसे काम करता है सट्टा बाजार?

बता दें कि यह एक अनौपचारिक और अवैध सिस्टम है, जहां जीत-हार की संभावनाओं पर 'भाव' तय किए जाते हैं। यहां जिस पार्टी की जीत की संभावना ज्यादा होती है, उसका रेट सबसे कम रखा जाता है। यह लोग बुकी फोन और सोशल मीडिया के माध्यम से अपना नेटवर्क चलाते हैं और चुनावी रैलियों, जनमत सर्वेक्षणों तथा वोटिंग प्रतिशत के आधार पर अपने अनुमानों में पल-पल बदलाव करते रहते हैं।

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