

Delhi Dehradun Expressway NHAI Action: दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे कॉरिडोर पर सड़क धंसने के मामले में अब एक्शन लिया गया है। NHAI ने दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे पर सड़क धंसने के मामले में अधिकारियों के खिलाफ एक्शन लिया है। NHAI ने अथॉरिटी इंजीनियर के टीम लीडर और ठेकेदार के प्रोजेक्ट मैनेजर को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। साथ ही एनएचएआई ने प्रोजेक्ट डायरेक्टर, EPC ठेकेदार और अथॉरिटी इंजीनियर को कारण बताओ नोटिस भी जारी किया है।
एनएचएआई ने बताया कि सड़क की मरम्मत की जा चुकी है और मार्ग में ट्रैफिक भी बहाल किया जा चुका है। बताया जा रहा है कि इन दिनों भारी बारिश के कारण सड़क पर पानी जमा होने से सड़क का हिस्सा धंस गया था। स्थायी ड्रेनेज सिस्टम लोगों के विरोध के कारण चालू नहीं किया जा सका।
12 हजार करोड़ रुपये की लागत से वर्ल्ड-क्लास दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे को बनाया गया था। बारिश का मौसम शुरू होते ही इसमें गड्ढे बन गए हैं। गाड़ियों को नुकसान हो रहा है। इसी एक्सप्रेसवे का उद्घाटन 14 अप्रैल को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया था।
आरोप है कि पानी की निकासी के लिए बनी पुलिया का इस्तेमाल गाड़ियों के आने-जाने के रास्ते के तौर पर किया जा रहा था। अभी बारिश का पानी निकालने के लिए एक अस्थायी समानांतर नाला बनाया जा रहा है। प्रभावित इलाके पर लगातार नजर रखी जा रही है ताकि ट्रैफिक सुरक्षित और बिना रुकावट चलता रहे। NHAI ने कहा है कि नेशनल हाईवे को सुरक्षित और मजबूत बनाए रखने के लिए सभी जरूरी कदम उठाए जाएंगे।
गौर करने वाली बात है कि दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे के उद्घाटन के सिर्फ ढाई महीने बाद ही उस पर गड्ढे हो गए हैं। इन गड्ढों की तस्वीरें और वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गए हैं। ये गड्ढे एक्सप्रेसवे के शामली इंटरचेंज के पास, लिसाड़ गांव के नजदीक देखे गए। खबरों के मुताबिक, इन गड्ढों की वजह से कई गाड़ियों के साथ हादसे हुए, टायर फटे, रिम टूटे और गाड़ियां क्षतिग्रस्त हुईं। अच्छी बात यह रही कि कोई जान नहीं गई और सभी यात्री बाल-बाल बच गए। उद्घाटन के ठीक ढाई महीने बाद सड़कों पर गड्ढे पड़ना इसकी बनावट पर बड़े सवाल खड़े कर दिए है।