

मुंबई : उथल-पुथल भरे कारोबार में शेयर बाजार में पिछले 8 ट्रेड सेशन से जारी गिरावट पर सोमवार को ब्रेक लगा है और बीएसई के सेंसेक्स में 58 अंक की तेजी आ गयी है। एचडीएफसी बैंक और रिलायंस इंडस्ट्रीज जैसे शेयरों में लिवाली से बाजार में बढ़त आयी है।
कारोबार के आखिरी घंटों में लिवाली से 30 शेयरों पर आधारित बीएसई सेंसेक्स 57.65 अंक यानी 0.08 प्रतिशत की बढ़त के साथ 75,996.86 अंक पर बंद हुआ। कारोबार के दौरान सेंसेक्स एक समय 644.45 अंक तक नीचे गिर गया था। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी भी 30.25 अंक यानी 0.13 प्रतिशत की बढ़त के साथ 22,959.50 अंक पर बंद हुआ।
विश्लेषकों के अनुसार, ऐसी रिपोर्ट है कि अमेरिका और भारत टैरिफ रेट कम करने के लिए ट्रेड एग्रीमेंट की व्यापक रूपरेखा पर फैसला लेने के लिए जल्द ही बैठक करेंगे। इससे मेटल, मेडिसिन और वित्तीय शेयरों में खरीदारी को समर्थन मिला। सेंसेक्स के 30 शेयरों में से अदाणी पोर्ट्स, अल्ट्राटेक सीमेंट, बजाज फिनसर्व, पावरग्रिड, इंडसइंड बैंक, , एचडीएफसी बैंक, जोमैटो और टाटा मोटर्स प्रमुख रूप से फायदे में रहे। दूसरी तरफ, नुकसान में रहने वाले शेयरों में टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज, इन्फोसिस, महिंद्रा एंड महिंद्रा, भारती एयरटेल, आईसीआईसीआई बैंक और आईटीसी शामिल हैं।
शेयर बाजार के आंकड़ों के अनुसार, विदेशी संस्थागत निवेशकों ने शुक्रवार को 4,294.69 करोड़ रुपये मूल्य के शेयर बेचे। डिपॉजिटरी के आंकड़ों के अनुसार, विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों यानी एफपीआई की कुल कैपिटल निकासी इस साल अबतक 99,299 करोड़ रुपये पहुंच गयी है। एफपीआई ने इस महीने के पहले 2 हफ्तों में 21,272 करोड़ रुपये निकाले हैं। अमेरिका के इंपोर्ट पर ड्यूटी लगाने के बाद ग्लोबल लेवल पर तनाव के बीच यह पूंजी निकासी की गयी है।
मेहता इक्विटीज लि. के वरिष्ठ उपाध्यक्ष प्रशांत तापसे ने कहा है कि भारी उतार-चढ़ाव भरे कारोबार में आखिरी घंटों में लिवाली से बाजार हल्की बढ़त में रहा। इसके साथ पिछले 8 कारोबारी सत्रों से जारी गिरावट पर विराम लगा। उन्होंने कहा है कि एशिया और यूरोप के बाजारों में तेजी से धारणा को मजबूती मिली। इसके अलावा चुनिंदा बैंक, तेल एवं गैस, धातु तथा बिजली शेयरों में लिवाली से बाजार ऊपर आने में सफल रहा।
शुक्रवार को ज्यादातर नुकसान
मिडियम कंपनियों से जुड़ा बीएसई मिडकैप सूचकांक 0.51 प्रतिशत चढ़ा जबकि छोटी कंपनियों से जुड़ा बीएसई स्मॉलकैप सूचकांक 0.56 प्रतिशत के नुकसान में रहा। एशिया के अन्य बाजारों में जापान का निक्की, दक्षिण कोरिया का कॉस्पी और चीन का शंघाई कम्पोजिट बढ़त में, जबकि हांगकांग का हैंगसेंग नुकसान में रहा। यूरोप के प्रमुख बाजारों में तेजी का रुख रहा। अमेरिकी बाजार शुक्रवार को ज्यादातर नुकसान में रहे थे।
वैश्विक तेल मानक ब्रेंट क्रूड 0.21 प्रतिशत की बढ़त के साथ 74.90 डॉलर प्रति बैरल रहा। बीएसई सेंसेक्स शुक्रवार को 199.76 अंक टूटा था, जबकि एनएसई निफ्टी में 102.15 अंक की गिरावट रही थी। पिछले 8 कारोबारी सत्रों में बीएसई सेंसेक्स 2,644.6 अंक नुकसान में रहा था, जबकि निफ्टी में 810 अंक की गिरावट रही थी।
(एजेंसी इनपुट के साथ)