
केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण, (सोर्स-सोशल मीडिया)
Nirmala Sitharaman On Russian Oil: भारत और अमेरिका ट्रेड डील को जहां एक तरफ सरकार बड़ी उपलब्धि बता रही है, तो वहीं विपक्ष इसे किसानों और देश के साथ समझौता करार दिया है। एक न्यूज चैनल के साथ इंटरव्यू में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने इससे जुड़े सभी सवालों का जवाब दिया है। जब उनसे पूछा गया कि क्या भारत रूस से तेल नहीं खरीदेगा तो हमारे देश में पेट्रोल और डीजल महंगा होगा?
इसके जवाब में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस देश के हित के खिलाफ कुछ नहीं करेंगे। मैं इसका सीधा जवाब नहीं दे रही हूं। पीएम मोदी पर मैं पूरा भरोसा करूंगी कि वो कुछ भी करेंगे तो देश के हित में करेंगे।
केंद्रीय बजट 2026 पर बोलते हुए वित्त मंत्री ने कहा कि हम जितना बजट देते हैं वो पूरा इस्तेमाल होता है। सरकार ने भविष्य का बजट पेश किया है। हमने 25 साल की प्लानिंग की है। इंटरव्यू के दौरान उन्होंने कहा कि हर राज्य की क्षमता पर खर्च निर्भर करता है। इनकम टैक्स पर पिछले साल की फायदा इस साल मिल रहा है। हमारे देश में महंगाई कंट्रोल में है।
निर्मला सीतारमण ने कहा कि भारत में बैंकिंग की स्थिति मजबूत है। हर स्कीम में देश की जनता की भागीदारी जरूरी है। सरकार का मकसद छोट उद्योग को बढ़ाना है। आत्मनिर्भरता हमारी प्राथमिकता है। वित्त मंत्री ने कहा कि ‘रेअर अर्थ कॉरिडोर में नौकरियां मिलेंगी। हमारी सरकार ने MSME के लिए कई मजबूत फैसले लिए। 7 ऐसे सेक्टर हैं, जिनका भारत को आत्मनिर्भर बनाने में महत्वपूर्ण रोल है।
भारतीय इकोनॉमी पर बात करते हुए वित्त मंत्री ने कहा कि हमारी अर्थव्यस्था इस वक्त बहुत मजबूत है। आईएमएफ, वर्ल्ड बैंक ने कहा कि भारत की ग्रोथ बहुत अच्छी है। हमने आयकर में जो पिछले साल छूट दिया उसका फायदा इस साल से होगा उससे पहले मैं इनकम टैक्स में फिर से छूट कैसे दूं। अगर मैं हर व्यक्ति का 7.76 लाख रुपये से 8 लाख तक किया तो आप बोल सकते हैं कि 9 तक करें 10 तक करें। 4 लाख से सीधा इतना छूट देने के बाद कैसे इस साल भी इनकम टैक्स में छूट दूं।
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अमेरिकी कृषि मंत्री ब्रूक रोलिंस के बयान पर निर्मला सीतारमण ने कहा कि अभी ट्रेड को लेकर फाइनल साइन नहीं हुआ है जब होगा तो सही से पता चल जाएगा। वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने स्पष्ट कर दिया कि कृषि और डेयरी सेक्टर के हितों की रक्षा की जाएगी। हमारे मंत्री ने संसद में ये स्टेटमेंट स्पष्ट किया। बाकी तो फाइनल एग्रीमेंट के बाद होगा।






