

Nitish Kumar Resignation: बिहार की सत्ता में पिछले दो दशकों से चला आ रहा समीकरण आज इतिहास के पन्नों में दर्ज हो गया। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में हुई 'विदाई कैबिनेट' में मौजूदा मंत्रिमंडल को भंग करने के प्रस्ताव पर मुहर लगा दी गई है। मुख्यमंत्री आवास पर मंत्रियों और आला अधिकारियों के साथ हुए भावुक 'ग्रुप फोटो सेशन' ने स्पष्ट कर दिया कि अब बिहार में नई व्यवस्था का उदय होने वाला है।
इस औपचारिक मोहर के साथ ही नीतीश कुमार का मुख्यमंत्री के रूप में वर्तमान कार्यकाल समाप्त हो गया है। अब बस कुछ ही देर में वे राजभवन जाकर राज्यपाल को अपना त्यागपत्र सौंपेंगे, जिसके बाद बिहार में पहली बार भाजपा के नेतृत्व वाली सरकार के गठन का रास्ता साफ हो जाएगा।
जानकारी के अनुसार, राज्य में नए मुख्यमंत्री के साथ दो उपमुख्यमंत्री भी शपथ लेंगे। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने पटना में अपनी आखिरी कैबिनेट बैठक की अध्यक्षता की, जो भावुक माहौल में संपन्न हुई। इस बैठक में कोई बड़ा एजेंडा नहीं था, लेकिन सभी मंत्रियों और अधिकारियों की मौजूदगी में यह एक विदाई जैसा पल बन गया। खुद नीतीश कुमार भी भावुक नजर आए और उन्होंने नई सरकार को शुभकामनाएं दीं।
बैठक के बाद सचिवालय में उनके साथ सेल्फी लेने की होड़ लग गई, जहां मंत्री और अधिकारी उनके साथ तस्वीरें लेते दिखे। इसके बाद सामूहिक फोटोग्राफी भी कराई गई। नीतीश कुमार के इस्तीफे के बाद अब नई सरकार के गठन की प्रक्रिया शुरू हो गई है। माना जा रहा है कि बुधवार को शपथ ग्रहण समारोह आयोजित होगा।
राजनीतिक समीकरणों को देखें तो पहली बार राज्य में भारतीय जनता पार्टी के नेतृत्व में सरकार बनने जा रही है। एनडीए के पास विधानसभा में स्पष्ट बहुमत है, जिसमें बीजेपी, जेडीयू और अन्य सहयोगी दल शामिल हैं।
शाम करीब 4 बजे एनडीए विधायक दल की बैठक में नए नेता का चुनाव किया जाएगा, जिसके बाद राज्यपाल के सामने सरकार बनाने का दावा पेश किया जाएगा। इस प्रक्रिया के लिए शिवराज सिंह चौहान को पर्यवेक्षक बनाकर पटना भेजा गया है। वर्तमान उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को मुख्यमंत्री पद का प्रमुख दावेदार माना जा रहा है। अब सभी की नजरें इस बात पर हैं कि क्या उनके नाम पर मुहर लगेगी या भाजपा कोई नया चेहरा सामने लाकर चौंकाएगी।