भारत की गाड़ियां विदेशों में मचा रहीं धूम, इन भारतीय गाड़ियो ने बनाया नया रिकॉड

Compact SUV Demand: 2026 में भारत से होने वाले पैसेंजर व्हीकल एक्सपोर्ट में बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है। अब ग्लोबल मार्केट में महंगी गाड़ियों की बजाय कॉम्पैक्ट SUV और छोटी कारों की मांग बढ़ी है।
Indian Vehicles SUV Are Making Waves Abroad Indian Cars Have Set a New Record.
Maruti Suzuki (Source. Maruti)
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Budget Cars Demand: वित्त वर्ष 2026 में भारत से होने वाले पैसेंजर व्हीकल एक्सपोर्ट में बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है। अब ग्लोबल मार्केट में महंगी गाड़ियों की बजाय कॉम्पैक्ट SUV और छोटी कारों की मांग तेजी से बढ़ रही है। अफ्रीका, लैटिन अमेरिका और साउथ-ईस्ट एशिया जैसे क्षेत्रों से आ रही डिमांड ने भारतीय ऑटो कंपनियों की रणनीति बदल दी है। अब कंपनियां ज्यादा फोकस उन कारों पर कर रही हैं जो सस्ती हों, कम ईंधन खर्च करें और रोजमर्रा के इस्तेमाल के लिए आसान हों।

एक्सपोर्ट में सबसे आगे मारुति सुजुकी

रिपोर्ट्स के मुताबिक, मारुति सुजुकी इस समय एक्सपोर्ट के मामले में सबसे आगे बनी हुई है। कंपनी के पास बजट और कॉम्पैक्ट सेगमेंट की मजबूत रेंज है, जो विदेशी बाजारों में काफी पसंद की जा रही है। यह ट्रेंड इस बात का संकेत है कि भारत में बनी कारें अब सिर्फ देश में ही नहीं, बल्कि दुनिया भर में अपनी पहचान बना रही हैं।

Fronx और Jimny का जलवा

FY2026 में Maruti Suzuki Fronx सबसे ज्यादा एक्सपोर्ट होने वाली कार बनकर उभरी है। इसके कुल 90,186 यूनिट्स विदेश भेजे गए, जो पिछले साल के मुकाबले 30.5% ज्यादा है। इसका स्टाइलिश कॉम्पैक्ट SUV डिजाइन और शहरों के हिसाब से फीचर्स इसे ग्लोबल मार्केट में हिट बना रहे हैं। वहीं दूसरे नंबर पर Maruti Suzuki Jimny रही, जिसके 72,209 यूनिट्स एक्सपोर्ट हुए। इसकी डिमांड में 50.5% की जबरदस्त बढ़ोतरी देखने को मिली है। Jimny को छोटे लेकिन दमदार ऑफ-रोड SUV के तौर पर दुनियाभर में पसंद किया जा रहा है।

अन्य कारों का भी दमदार प्रदर्शन

SUV के अलावा अन्य सेगमेंट की कारों का भी प्रदर्शन शानदार रहा है। Hyundai Verna 63,044 यूनिट्स के साथ तीसरे स्थान पर रही। वहीं Nissan Magnite ने 56,704 यूनिट्स के साथ टॉप 10 में जगह बनाई और 94.5% की सबसे ज्यादा ग्रोथ दर्ज की।

इसके अलावा Maruti Suzuki Swift, Baleno, Dzire और S Presso जैसी छोटी कारें भी एक्सपोर्ट में अहम भूमिका निभा रही हैं। Hyundai Grand i10 और Aura की मांग भी लगातार बनी हुई है।

SUV और छोटी कारों की बढ़ती डिमांड

FY2026 के आंकड़े साफ बताते हैं कि अब ऑटो इंडस्ट्री SUV और कॉम्पैक्ट कारों की ओर तेजी से बढ़ रही है। ग्राहक ऐसी गाड़ियां चाहते हैं जो किफायती हों, कम पेट्रोल-डीजल खर्च करें और रोजाना के इस्तेमाल में आसान हों।

भारत बन रहा ग्लोबल एक्सपोर्ट हब

आने वाले समय में भारत का रोल एक ग्लोबल ऑटो एक्सपोर्ट हब के रूप में और मजबूत हो सकता है। कंपनियां अब अलग-अलग देशों की जरूरत के हिसाब से अपनी कारों को डिजाइन कर रही हैं और प्रोडक्शन भी बढ़ा रही हैं।

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