

Weekly Transit 6 To 13 September 2026: 6 से 13 सितंबर 2026 तक का सप्ताह ज्योतिषीय दृष्टि से महत्वपूर्ण रहने वाला है। इस दौरान सूर्य, मंगल और बुध की स्थिति में बदलाव देखने को मिलेगा।
वहीं गुरु कर्क राशि, शुक्र तुला राशि, वक्री शनि मीन राशि, राहु कुंभ राशि और केतु सिंह राशि में स्थित रहेंगे। ग्रहों की इस स्थिति का असर ज्योतिषीय गणनाओं के अनुसार नौकरी, व्यापार, आर्थिक गतिविधियों और बाजार की चाल पर देखने को मिल सकता है।
6 से 13 सितंबर के दौरान सूर्य सिंह राशि में रहेंगे। मंगल मिथुन राशि में स्थित रहेंगे। बुध 7 सितंबर को दोपहर 12 बजकर 59 मिनट से कन्या राशि में प्रवेश करेंगे। वहीं गुरु कर्क राशि में, शुक्र तुला राशि में और वक्री शनि मीन राशि में रहेंगे। राहु कुंभ तथा केतु सिंह राशि में गोचर करेंगे। इस सप्ताह चंद्रमा भी अलग-अलग राशियों में भ्रमण करते रहेंगे।
सप्ताह का प्रमुख ग्रह परिवर्तन 7 सितंबर को होगा। इस दिन बुध ग्रह दोपहर 12 बजकर 59 मिनट से कन्या राशि में प्रवेश करेंगे। बुध को बुद्धि, वाणी, व्यापार, तर्क और निर्णय क्षमता का कारक ग्रह माना जाता है। कन्या राशि में बुध का गोचर व्यापार, शिक्षा, लेखन, संचार और विश्लेषण से जुड़े क्षेत्रों के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। नौकरीपेशा लोगों को कामकाज में नई जिम्मेदारियां मिल सकती हैं, जबकि कारोबारियों को योजनाबद्ध तरीके से आगे बढ़ने का लाभ मिल सकता है।
इस सप्ताह सूर्य देव सिंह राशि में रहेंगे। सूर्य अपनी स्वराशि सिंह में होने के कारण आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता और प्रशासनिक कार्यों से जुड़े मामलों में प्रभावशाली माने जाते हैं। इसलिए 6 से 13 सितंबर के दौरान सिंह राशि में सूर्य का प्रभाव बना रहेगा। इस समय नेतृत्व क्षमता का सही इस्तेमाल करना और अहंकार से बचना लाभदायक रहेगा।
मंगल इस सप्ताह मिथुन राशि में रहेंगे। मंगल को साहस, ऊर्जा, पराक्रम और कार्यक्षमता का कारक ग्रह माना जाता है। मिथुन राशि में मंगल का प्रभाव संवाद और निर्णय से जुड़े मामलों में तेजी ला सकता है। हालांकि मंगल 18 सितंबर को कर्क राशि में प्रवेश करेंगे, इसलिए 6 से 13 सितंबर के दौरान मंगल के मिथुन राशि में रहने का प्रभाव बना रहेगा। जल्दबाजी में फैसले लेने से बचना बेहतर रहेगा।
इस सप्ताह गुरु कर्क राशि में और शुक्र तुला राशि में रहेंगे। गुरु को ज्ञान, शिक्षा, धन और विस्तार का कारक माना जाता है, जबकि शुक्र सुख-सुविधा, कला, सौंदर्य और आर्थिक समृद्धि से जुड़े हैं। वहीं शनि मीन राशि में वक्री अवस्था में रहेंगे। शनि की वक्री चाल के कारण पुराने कार्यों की समीक्षा और लंबित मामलों को दोबारा देखने की स्थिति बन सकती है। नौकरी और व्यापार से जुड़े लोगों को धैर्य के साथ काम करना लाभदायक रहेगा।
ज्योतिषीय गणनाओं के अनुसार इस सप्ताह बुध का कन्या राशि में प्रवेश व्यापार और आर्थिक गतिविधियों के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। बाजार में कारोबार से जुड़े फैसलों में तेजी आ सकती है, लेकिन निवेशकों को किसी भी बड़े आर्थिक निर्णय में जल्दबाजी से बचना चाहिए। ग्रहों की स्थिति के कारण शेयर बाजार और कमोडिटी बाजार में उतार-चढ़ाव की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता। कारोबारियों के लिए बाजार की स्थिति का आकलन करने के बाद ही बड़े फैसले लेना बेहतर रहेगा।
6 सितंबर, रविवार: भद्रा सुबह 7:31 बजे से शाम 6:17 बजे तक रहेगी। व्यतिपात योग सुबह 10:42 बजे से शुरू होगा।
7 सितंबर, सोमवार: सर्वार्थसिद्धि योग रात 6:12 बजे से रहेगा। इसी दिन जया अजा एकादशी व्रत, गोवत्स द्वादशी, ओम द्वास और बछ बारस के अवसर रहेंगे।
8 सितंबर, मंगलवार: सर्वार्थसिद्धि योग शाम 4:38 बजे से रात के अंत तक रहेगा। इस दिन प्रदोष व्रत और मां बेलांकनी पर्व रहेगा।
9 सितंबर, बुधवार: भद्रा सुबह 11:38 बजे से रात 10:47 बजे तक रहेगी। इसी दिन शिव चतुर्दशी व्रत रखा जाएगा।
10 सितंबर, गुरुवार: श्राद्ध अमावस्या और कुशोत्पाटिनी अमावस्या रहेगी।
11 सितंबर, शुक्रवार: पोला पिठोरा, स्नानदान अमावस्या और संत विनोबा भावे जयंती मनाई जाएगी।
12 सितंबर, शनिवार: त्रिपुष्कर योग सुबह 7:38 बजे से दोपहर 1:58 बजे तक रहेगा। इसी दिन तान्हा पोला, बाबू दोज, गोटामार मेला और चक्रधर जयंती के अवसर रहेंगे।
13 सितंबर, रविवार: सर्वार्थसिद्धि योग और अमृतसिद्धि योग सूर्योदय से दोपहर 2:19 बजे तक रहेगा। इसी दिन वराह जयंती, गुरु रामदास पुण्य तिथि और स्वामी ब्रह्मानंद लोधी निर्वाण दिवस रहेगा।
6 से 13 सितंबर के बीच बुध का राशि परिवर्तन सप्ताह का सबसे प्रमुख ग्रह गोचर रहेगा। व्यापार और नौकरी में योजनाबद्ध तरीके से काम करना लाभदायक रहेगा। आर्थिक मामलों में किसी भी तरह की जल्दबाजी से बचें और निवेश करने से पहले पूरी जानकारी जरूर लें।
कुल मिलाकर 6 से 13 सितंबर 2026 का सप्ताह ग्रह गोचर, धार्मिक तिथियों और महत्वपूर्ण योगों के लिहाज से खास रहने वाला है। बुध का कन्या राशि में प्रवेश जहां बुद्धि और व्यापार से जुड़े मामलों को प्रभावित करेगा, वहीं सूर्य, मंगल, गुरु, शुक्र और शनि की स्थिति भी इस सप्ताह ज्योतिषीय गणनाओं में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।