प्रीति शर्मा
आमतौर पर जब भी हम फल या आलू काटते हैं तो कुछ मिनटों में उनका रंग बदलना
इन्हें जितनी देर तक खुले में रखा जाता है, यह उतने ही काले पड़ने लगते हैं। इसके पीछे भी कोई वजह है।
दरअसल सेब या आलू जैसी चीजों के रंग बदलने का कारण एंजाइमिक ब्राउनिंग नाम की प्रक्रिया है।
हम सेब या आलू काटते हैं तो हवा के संपर्क में आने से रिएक्शन शुरू होता है जिसकी वजह से उनका रंग काला पड़ने लगता है।
हवा में ऑक्सीजन होता है और फलों में कोशिकाओं में फिनोल और एंजाइम फिनोलस होता है।
जब यह हवा के संपर्क में आते हैं तो फिनोलेज फिनोल को मेलेनिन में बदल देता है। जिसकी वजह से इनका रंग भूरा होता है।
आलू को काटने के बाद पानी में भिगोकर रखें जिससे इस प्रक्रिया को रोका जा सकता है।
फलों को एल्युमिनियम फॉयल में लपेटकर रख सकते हैं जिससे यह कुछ हद तक अपना रंग नहीं बदलेंगे।