सिमरन सिंह
इनमें बैक्टीरिया और परजीवी होने का खतरा रहता है, जो संक्रमण फैला सकते हैं।
अधपके अंडे या उससे बने फूड (जैसे मेयोनेज़, डेसर्ट) से साल्मोनेला इंफेक्शन हो सकता है।
ज्यादा कैफीन लेने से गर्भपात और बच्चे का वजन कम होने का खतरा रहता है।
इनमें प्रिज़र्वेटिव और सोडियम ज्यादा होता है, जो हानिकारक हो सकता है।
इनमें हानिकारक बैक्टीरिया हो सकते हैं जो फूड पॉइजनिंग का कारण बनते हैं।
इनमें लिस्टेरिया बैक्टीरिया का खतरा होता है, जो गर्भस्थ शिशु के लिए नुकसानदायक है।
जैसे शार्क, किंग मैकरल, स्वोर्ड फिश इनमें पारा की मात्रा अधिक होती है, जो बच्चे के दिमागी विकास पर बुरा असर डाल सकती है।
संक्रमण और फूड पॉइजनिंग का खतरा बढ़ जाता है।
इससे डायबिटीज़, मोटापा और ब्लड प्रेशर का खतरा रहता है।
ज्यादा मीठा खाने से डिप्रेशन, थकान और मूड स्विंग्स की समस्या हो सकती है।