अंकिता पटेल
गणेशोत्सव में मोदक का भोग खास माना जाता है। इस बार पारंपरिक स्वाद के साथ कुछ नए फ्लेवर आजमाएं और बप्पा की थाली को बनाएं और भी खास।
चावल के आटे की मुलायम परत और अंदर नारियल-गुड़ का मीठा सारण, उकडीचे मोदक महाराष्ट्र की खास पहचान हैं। इन्हें भाप में पकाया जाता है।
अगर आपको क्रिस्पी मिठाई पसंद है तो तले हुए मोदक बढ़िया विकल्प हैं। आटे की परत में मीठी भरावन भरकर इन्हें सुनहरा और कुरकुरा होने तक तला जाता है।
पारंपरिक मोदक में चॉकलेट का फ्लेवर जोड़कर इसे बच्चों की पसंद का बनाया जा सकता है। चॉकलेट के साथ ड्रायफ्रूट्स डालने से स्वाद और टेक्सचर दोनों बेहतर लगते हैं।
मावा से तैयार मोदक का स्वाद बेहद रिच और मलाईदार होता है। इलायची और केसर की हल्की खुशबू इसे खास फेस्टिव टच दे सकती है।
काजू, बादाम, पिस्ता और दूसरे मेवों से बने मोदक देखने में भी आकर्षक लगते हैं। मेवा पसंद करने वालों के लिए यह स्वादिष्ट विकल्प है।
केसर का रंग और खुशबू मोदक को खूबसूरत फेस्टिव लुक देते हैं। हल्के मीठे स्वाद के साथ इसे चांदी के वर्क या पिस्ते से सजाया जा सकता है।
सूजी से तैयार मोदक की बनावट पारंपरिक मोदक से थोड़ी अलग होती है। नारियल, चीनी या गुड़ और इलायची की भरावन इसे स्वादिष्ट बना सकती है।
तिल और गुड़ का कॉम्बिनेशन भारतीय मिठाइयों में खूब पसंद किया जाता है। इसी स्वाद को मोदक के आकार में परोसकर भोग में नया ट्विस्ट दिया जा सकता है।
ओरेओ जैसे बिस्किट फ्लेवर से बने मोदक पारंपरिक मिठाई का मॉडर्न अंदाज हैं। खासकर बच्चों और युवाओं के लिए यह एक दिलचस्प विकल्प हो सकता है।