ईरान के सुप्रीम लीडर मोर्तजा खामेनेई और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (सोर्स-सोशल मीडिया) 
विदेश

Iran US Tension: ईरान अमेरिका तनाव के बीच स्ट्रेट ऑफ होर्मुज खुलने की भारी उम्मीद, शांति वार्ता तेज

Iran US Tension: ईरान और अमेरिका के बीच तनाव कम करने के लिए 30 दिनों के सैन्य रोक और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को फिर से खोलने पर चर्चा हो रही है, जिससे वैश्विक व्यापार को बड़ी राहत मिलेगी।

प्रिया सिंह

End Iran US Tension Strait Of Hormuz Reopening: ईरान और अमेरिका के बीच जारी गंभीर विवाद को शांत करने के लिए एक अहम बातचीत चल रही है। दोनों देश एक अस्थायी समझौते पर विचार कर रहे हैं, जिससे 30 दिनों तक सैन्य गतिविधियां रुक सकती हैं। इस ऐतिहासिक प्रस्ताव के तहत दुनिया के सबसे प्रमुख समुद्री मार्गों को फिर से शुरू करने पर जोर दिया गया है। व्यावसायिक जहाजों की सुरक्षा सुनिश्चित करना इस नई वार्ता का एक बहुत बड़ा और महत्वपूर्ण हिस्सा माना जा रहा है।

द न्यूयॉर्क टाइम्स की एक खास रिपोर्ट के अनुसार दोनों पक्ष शुरुआती फ्रेमवर्क तैयार करने में जुटे हुए हैं। इससे स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को पूरी तरह खोलने और वैश्विक तेल व्यापार को फिर से बहाल करने की उम्मीद है। ईरान के 3 वरिष्ठ अधिकारियों ने भी 30 दिनों के इस महत्वपूर्ण संघर्ष विराम प्रस्ताव की पुष्टि कर दी है। यह नई पहल भविष्य में एक व्यापक और स्थायी समझौते के लिए बहुत ही जरूरी और मजबूत आधार तैयार करेगी।

ईरान अमेरिका में परमाणु कार्यक्रम पर विवाद

बातचीत के दौरान सबसे बड़ा और अहम मुद्दा ईरान के विवादित परमाणु कार्यक्रम से जुड़ा हुआ माना जा रहा है। अमेरिका चाहता है कि ईरान अपने संवर्धित यूरेनियम का पूरा भंडार उसे सौंप दे और अपने 3 परमाणु केंद्र बंद कर दे। साथ ही अमेरिका की यह भी कड़ी मांग है कि ईरान अगले 20 वर्षों तक यूरेनियम संवर्धन की सभी गतिविधियां पूरी तरह रोक दे।

जबकि अमेरिकी मांगों के जवाब में तेहरान ने भी रूस जैसे किसी तीसरे देश को यूरेनियम सौंपने का एक अलग प्रस्ताव रखा है। ईरान अगले 10 से 15 वर्षों तक यूरेनियम संवर्धन रोकने पर सहमति जता रहा है, लेकिन केंद्रों पर भारी विवाद जारी है। अभी तक ईरान के 3 परमाणु केंद्रों के भविष्य को लेकर दोनों देशों के बीच कोई भी स्पष्ट सहमति नहीं बन पाई है।

स्ट्रेट ऑफ होर्मुज का खुलना

इस प्रस्तावित अंतरिम समझौते में स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को फिर से खोलने और सैन्य संघर्ष रोकने पर खास जोर है। ईरानी जहाजों और बंदरगाहों पर लगी अमेरिकी रोक को हटाना भी इस नई कूटनीतिक बातचीत का एक अहम हिस्सा है। अंतरराष्ट्रीय बाजार और ग्लोबल तेल सप्लाई के लिए इस रास्ते का जल्द से जल्द खुलना बहुत ही ज्यादा जरूरी है। रिपोर्ट के मुताबिक आर्थिक प्रतिबंधों में बड़ी राहत और अन्य संवेदनशील मुद्दों पर अगले 30 दिन के भीतर चर्चा होगी। ईरान परमाणु हथियार नहीं बनाने और विदेशों में अपनी फ्रीज संपत्तियों को जारी करने के लिए लगातार प्रतिबद्धता दिखा रहा है।

AI बॉस की बड़ी चेतावनी! सैम ऑल्टमैन और डारियो अमोदेई बोले- AI इंसानियत के लिए खतरा बन सकता है

विपक्ष की भूमिका सिर्फ दिखावा, चुनाव आयोग की नियुक्ति कमेटी पर जस्टिस दीपांकर दत्ता का बड़ा सवाल

Cooking Oil Price: सोयाबीन-पाम से सूरजमुखी तक तेल पर घटा कस्टम्स ड्यूटी, आज से लागू होंगे नए रेट

3 दशक निर्वासन भी नहीं तोड़ पाई आजादी का जुनून, कौन थी मैडम भीकाजी कामा जिन्होंने बनाया था भारत का पहला झंंडा

अंबानी को पछाड़ अडानी ने मारी बाजी, देश के अमीरों में 15 नए नाम शामिल, ये रही लिस्ट