Nitish Kumar: संसद के मानसून सत्र सोमवार से शुरू हुआ। सत्र के पहले दिन ही उपराष्ट्रपति और राज्यसभा सभापति जगदीप धनखड़ के अचानक इस्तीफे ने देश में सियासी भूचाल ला दिया है। धनखड़ ने स्वास्थ्य कारणों का हवाला देते हुए अपना पद छोड़ दिया, जिसके बाद राजनीतिक गलियारों से लेकर सोशल मीडिया तक हलचल मच गई। वहीं, बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को लेकर भी चर्चाओं ने राजनीतिक तापमान बढ़ा दिया है।
बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव के नाम से सोशल मीडिया में एक पोस्ट वायरल हो रही है। जिसमें धनखड़ के इस्तीफे को बिहार की राजनीति और एनडीए की रणनीति से जोड़ा गया है। हालांकि, ये पोस्ट उनके आधिकारिक हैंडल से नहीं की गई है। सोशल मीडिया पर जो पोस्ट वायरल हो रहा है उसमें लिखा है ‘क्या उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ का इस्तीफा संसद में ‘ऑपरेशन सिंदूर’ और चुनाव आयोग द्वारा बिहार में हो रहे SIR प्रक्रिया से बहस टालने का प्रयास है? क्या भाजपा अगले उपराष्ट्रपति के रूप में नीतीश कुमार को आगे करने जा रही है?’
तेजस्वी के नाम से एक पैरोडी अकाउंट है जो शेयर हो रहा है। इस पोस्ट ने न केवल नीतीश कुमार के उपराष्ट्रपति बनने की अटकलों को हवा दी, बल्कि बिहार की सियासत में भी नई बहस छेड़ दी है। सोशल मीडिया पर #नीतीशकुमार कल से ही ट्रेंड कर रहा है। सोशल मीडिया पर कुछ लोग इसे भाजपा की रणनीति का हिस्सा मान रहे हैं तो कुछ लोग इसे केवल सियासी शिगूफा बता रहे हैं।
जगदीप धनखड़ ने अपने त्यागपत्र में लिखा, “स्वास्थ्य देखभाल को प्राथमिकता देने और चिकित्सीय सलाह का पालन करने के लिए, मैं संविधान के अनुच्छेद 67(ए) के तहत तत्काल प्रभाव से उपराष्ट्रपति पद से इस्तीफा देता हूं”। उनके इस्तीफे से कई सवाल खड़े हो रहे हैं। कुछ राजनीतिक जानकारों का मानना है कि ये कदम स्वास्थ्य कारणों से परे सियासी चाल का हिस्सा हो सकता है।
वहीं विपक्षी पार्टी कांग्रेस के नेता जयराम रमेश ने पीएम नरेंद्र मोदी से धनखड़ को मनाने की अपील की है। राज्यसभा सांसद कपिल सिब्बल ने कहा है कि ये अप्रत्याशित है, लेकिन इसकी वजह सिर्फ स्वास्थ्य नहीं लगता। इस बीच नीतीश कुमार को उपराष्ट्रपति बनाने की चर्चा को भाजपा की बिहार चुनाव की रणनीति से जोड़ा जा रहा है।