Bhopal Khajur Mata Temple: नवरात्रि का पावन पर्व चल रहा है और भक्त माता की कृपा पाने के लिए विभिन्न तरह से पूजा पाठ करके मां को प्रसन्न करने का प्रयास करते है। आज आपको एक ऐसी माता के बारे में बताते हैं जो स्वयंभू है और खजूर के पेड़ से प्रकट हुई हैं। माता का यह मंदिर भोपाल के टीटी नगर में स्थित है। मां शीतला का यह मंदिर आस्था और धार्मिक मान्यताओं के लिए प्रसिद्ध है। स्थानीय मान्यता है कि यहां मां शीतला खजूर के पेड़ से स्वयं प्रकट हुई थीं। इसी मान्यता के चलते मंदिर श्रद्धालुओं के लिए विशेष महत्व रखता है। भक्तगण यहां मां के दर्शन करने और सुख-समृद्धि की कामना लेकर पहुंचते हैं। मंदिर की पहचान केवल इसकी धार्मिक मान्यताओं तक सीमित नहीं है, बल्कि यहां पीढ़ियों से चली आ रही सेवा परंपरा भी इसे खास बनाती है। मान्यताओं के अनुसार सच्ची आस्था और विश्वास के साथ मां का दर्शन करने से भक्तों की सभी मनोकामनाएं पूरा होती है।
माता शीतला मंदिर का पुजारी परिवार बीते 47 वर्षों से मंदिर में पूजा-पाठ और धार्मिक अनुष्ठानों की जिम्मेदारी निभा रहा है। समय के साथ मंदिर स्थानीय लोगों की आस्था का प्रमुख केंद्र बन गया है। विशेष अवसरों और त्योहारों पर यहां आने वाले श्रद्धालुओं की आवाजाही बढ़ जाती है। मां शीतला के प्रति भक्तों की अटूट श्रद्धा, स्वयंभू प्राकट्य की मान्यता और पुजारी परिवार की लंबी सेवा परंपरा इस मंदिर को भोपाल के प्रमुख धार्मिक स्थलों में एक विशिष्ट पहचान देती है।