कमरे से बदबू आने पर खुला मामला
साक्ष्य जुटाने में जुटी पुलिस और फोरेंसिक टीम
पत्नी से विवाद और संपत्ति के एंगल पर भी जांच की आशंका
Gorakhpur Body Found Inside Home: गोरखपुर के कोतवाली थाना क्षेत्र के इस्माइलपुर में बुधवार को उस समय हड़कंप मच गया, जब एक मकान के कमरे में मनोज विश्वकर्मा का खून से लथपथ शव मिला। कमरे से दुर्गंध आने के बाद लोगों को अनहोनी की आशंका हुई। इसके बाद कमरा खोला गया तो अंदर मनोज का शव पड़ा मिला। घटना की जानकारी मिलते ही इलाके में सनसनी फैल गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने जांच शुरू कर दी। फोरेंसिक टीम को भी मौके पर बुलाया गया है, जो घटनास्थल से साक्ष्य जुटाने में लगी है।
इस मामले में मृतक मनोज विश्वकर्मा की 75 वर्षीय मां सावित्री देवी ने अपनी पोती पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका दावा है कि मनोज की बड़ी बेटी अंशिका दो दिन पहले दो युवकों के साथ बुर्का पहनकर घर आई थी। कुछ देर बाद वह वहां से चली गई। मां ने बेटी और उसके साथ आए युवकों की भूमिका पर संदेह जताते हुए हत्या का आरोप लगाया है। हालांकि, पुलिस की जांच पूरी होने और अन्य साक्ष्यों के सामने आने तक इन आरोपों की पुष्टि नहीं हुई है।
इस्माइलपुर में मनोज विश्वकर्मा का दो मंजिला मकान है। बुधवार सुबह करीब पौने बारह बजे के आसपास घर के एक कमरे में उनका शव मिलने की जानकारी सामने आई। कमरे से बदबू आने पर लोगों ने उसे खोलकर देखा। अंदर खून से लथपथ शव मिलने के बाद तत्काल पुलिस को सूचना दी गई।
घटना की सूचना पर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और जांच-पड़ताल शुरू की। पुलिस घटनास्थल की परिस्थितियों का जायजा ले रही है। फोरेंसिक टीम भी मौके पर पहुंचकर जरूरी साक्ष्य जुटा रही है। शव मिलने की परिस्थितियों और घटना के समय को लेकर जांच की जा रही है। फिलहाल हत्या के पीछे की वजह स्पष्ट नहीं हो सकी है।
स्थानीय जानकारी के मुताबिक, मनोज विश्वकर्मा की शादी हुई थी और उनकी चार बेटियां थीं। इनमें से एक बेटी की मौत हो चुकी है। बताया जा रहा है कि मनोज और उनकी पत्नी के बीच अक्सर विवाद होता था। इसी वजह से पत्नी अपनी तीन बेटियों को लेकर रांची चली गई थी।
परिवार में पहले से चल रहे विवाद की बात भी इस मामले में सामने आई है। इसके अलावा संपत्ति को लेकर विवाद होने की आशंका भी जताई जा रही है। हालांकि, संपत्ति विवाद का हत्या से कोई संबंध है या नहीं, यह जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।
मनोज की मां सावित्री देवी अपने बेटे के मकान से कुछ दूरी पर रहती हैं। उन्होंने बताया कि सुबह घटना की जानकारी मिलने पर वह मौके पर पहुंचीं। घर के अंदर बेटे का शव देखकर वह बदहवास हो गईं और चीखने लगीं।
सावित्री देवी का आरोप है कि दो दिन पहले मनोज की बड़ी बेटी अंशिका दो युवकों के साथ बुर्का पहनकर घर आई थी। उनके मुताबिक, बेटी के साथ आए युवकों की मौजूदगी भी संदेह पैदा करती है। उन्होंने आशंका जताई कि बेटे की हत्या में बेटी की भूमिका हो सकती है। फिलहाल गोरखपुर पुलिस मनोज की मौत किन परिस्थितियों में हुई, इसकी जाँच कर रही है।
घर के अंदर शव मिलने, परिवार में पहले से विवाद की बात सामने आने और दो दिन पहले बेटी के घर आने के दावे ने मामले को कई सवालों से जोड़ दिया है। पुलिस के सामने अब घटना की परिस्थितियों की पड़ताल करने के साथ मृतक के पारिवारिक संबंधों और संभावित विवादों की जानकारी जुटाने की चुनौती है।
फोरेंसिक जांच से मिलने वाले साक्ष्य और पुलिस की आगे की कार्रवाई इस मामले में अहम हो सकती है। फिलहाल मनोज की हत्या के पीछे की वजह स्पष्ट नहीं है और किसी आरोपी की भूमिका की आधिकारिक पुष्टि भी नहीं हुई है। पुलिस की जांच के बाद ही यह साफ हो सकेगा कि इस घटना के पीछे पारिवारिक विवाद, संपत्ति संबंधी मामला या कोई अन्य वजह थी।
रिपोर्ट: अनुराग मिश्रा